रायबरेली। शहर में रिंगरोड फेज दो का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। कार्यदायी एजेंसी की ओर से नियमों को ताक कर रखकर खनन किया जा रहा है। छह फीट खोदाई की परमीशन लेकर 12 फीट मिट्टी निकाली जा रही है। किसानों ने इसकी शिकायत खनन अधिकारी से की। इस पर काम रोक दिया गया, लेकिन मौके पर कोई देखने नहीं गया है। इससे किसानों में गहरी नाराजगी है।
शहर में जाम की समस्या को देखते हुए 22 किमी लंबा रिंगरोड फोरलेन बनाया जा रहा है। सदर तहसील क्षेत्र में डिडौली से सैदनपुर, सुलखियापुर, पासापुर, परिगवां, अलादपुर, कंचौदा नानकारी, चकलोहराहार, डिडौली, लोहरामऊ, सलारपुर, नौबती, दरीबा, रेती खुर्द बुजुर्ग, बिनोहरा, फकरुलहसन खेड़ा, मछेछर, पासापुर, सुल्तानपुर आइमा, बेलाभेला, कुचरिया, सरायदामों गांवों के पास निकले रिंगरोड पर मिट्टी की भराई का काम चल रहा है। मिट्टी खनन के लिए कार्यदायी एजेंसी ने खनन विभाग से छह फीट खनन करने का परमीशन लिया है, लेकिन कहीं पर 10 तो कहीं पर 12 फीट खोदाई कर दी गई है।
सुलखियापुर गांव के पास मिट्टी खनन मानक के विपरीत किया जा रहा है। किसान रामहेत, शिवशंकर त्रिवेदी, आशुतोष चौधरी,अंकुर बाजपेयी ने बताया कि इतनी गहरी खोदाई कर दी गई है कि कभी भी कोई हादसा हो सकता है। बरसात में अगल-बगल खेतों की मिट्टी दूसरे के खेतों में बह जाएगी। इससे खेती करने में परेशानी झेलनी पड़ेगी।
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पहले भी हो चुके हादसे
जिले से होकर निकले गंगा एक्सप्रेस-वे और रायबरेली-प्रयागराज चौड़ीकरण करने के लिए मानक के विपरीत खनन किया गया। जगतपुर, सलोन क्षेत्र में खेतों को तालाब बना दिया गया है। इसमें गिरकर कई लोगों की मौत हो चुकी है। इसके बाजवूद खनन विभाग और प्रशासन इस ओर ध्यान नहींं दे रहा है। यदि समय रहते अधिकारी नहीं चेते, तो कोई हादसा हो सकता है।
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रोकवा दिया गया है काम
मानक के विपरीत काम नहीं होने दिया जाएगा। लोगों की शिकायत पर सुलखियापुर गांव के पास खनन रोकवा दिया गया है। जांच में मानक के विपरीत खनन पाया गया, तो कार्रवाई की जाएगी।
सुरेश कुमार लकड़ा, जिला खनन अधिकारी