रायबरेली। विद्युत उपकेंद्र त्रिपुला का नया भवन बनकर तैयार हो गया है। इसके बनने से करीब एक लाख लोगों को बिजली संकट से राहत मिलेगी। इसके संचालन से करीब 150 गांवों में बिजली आपूर्ति बेहतर होगी। ट्रांसमिशन का विस्तार भी इस परियोजना का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। उपकेंद्र में पैनल लग गए है। जल्द ही ट्रांसफार्मर भी स्थापित किए जाएंगे।
मौजूदा समय में विद्युत उपकेंद्र त्रिपुला और ट्रांसमिशन एक भवन में संचालित हो रहे हैं। इस उपकेंद्र से मुंशीगंज, राही, लोधवामऊ, नवोदय, छतैया और दरीबा फीडरों से करीब 150 गांवों की करीब एक लाख आबादी को बिजली मिलती है। परिसर में जगह का अभाव होने से ट्रांसमिशन का विस्तार नहीं हो पा रहा था। उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति में भी समस्या हो रही थी। ट्रांसमिशन से उपकेंद्र को अलग करने की प्रक्रिया करीब दो साल पहले शुरू हुई थी।
ट्रांसमिशन से करीब 150 मीटर की दूरी पर उपकेंद्र का नया भवन बनाया गया है। नए उपकेंद्र में पैनल और एक 10 एमवीए का ट्रांसफार्मर लगा दिया गया है, जबकि इसी क्षमता का दूसरा ट्रांसफार्मर लगना है। इस कार्य में करीब तीन करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
दोनों उपकेंद्रों में बढ़ेंगी सुविधाएं
ट्रांसमिशन परिसर में दोनाें उपकेंद्रों के संचालन से यार्ड में जगह का अभाव था। ट्रांसमिशन में 63 एमवीए के दो ट्रांसफार्मर लगे हैं। इसी क्षमता का तीसरा ट्रांसफार्मर भी लगना है। परिसर में जगह का अभाव होने के कारण ट्रांसफार्मर नहीं लग पा रहा था। विद्युत उपकेंद्र त्रिपुला का भवन अगल होने से तीसरा ट्रांसफार्मर आसानी से लग जाएगा।
जल्द शुरू कराई जाएगी आपूर्ति
ट्रांसमिशन और उपकेंद्र त्रिपुला एक भवन में संचालित होने से बिजली आपूर्ति में दिक्कत हो रही थी। इस वजह से उपकेंद्र को अलग कराने के लिए भवन का निर्माण करा दिया गया है। पैनल समेत अन्य उपकरण लग गए हैं। मार्च में नए भवन से बिजली आपूर्ति शुरू कराई जाएगी।
- रविचंद्र श्रीवास्तव, मुख्य अभियंता पावर कार्पोरेशन