रायबरेली। तल्ख धूप और हवा के थपेड़े भी दावेदारों का उत्साह कम नहीं कर पाए। गांव की सरकार बनाने की ठान चुके दावेदार लाव लश्कर के साथ नामांकन स्थल पहुंचकर बारी-बारी से नामांकन पत्र जमा करते रहे।
दावेदारों का उत्साह देखते ही बन रहा था। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता था कि उनमें कोरोना को लेकर न कोई चिंता और न ही कोई खौफ था। नामांकन स्थल पहुंचे तो उनसे मास्क लगाने को कहा गया।
दावेदारों के पीछे चल रही भीड़ देखकर लग रहा था कि चुनाव मानो सांसद या फिर विधायकी का हो। वैसे तो नामांकन का समय सुबह आठ बजे से था, लेकिन सात बजे के पहले ही दावेदारों के हुजूम ब्लॉकों के इर्दगिर्द पहुंचने लगे। समर्थक भी नारेबाजी करते हुए दावेदारों का उत्साह बढ़ाते रहे...।
ब्लॉक परिसर में प्रत्याशियों को रोका
शिवगढ़। ब्लॉक स्थित नामांकन स्थल पर सुबह से ही ग्रामप्रधान, बीडीसी और ग्राम पंचायत सदस्य के दावेदार नामांकन करने के लिए पहुंचने लगे। बारी-बारी से सबके नामांकन पत्र जमा किए गए। रिटर्निंग अफसर शिवानंद त्रिपाठी ने बताया कि शिवगढ़, कसना, भौसी, बैंती, बेड़ारू, बसंतपुर सकतपुर ग्रामसभा के लिए अलग काउंटर लगाया गया। अत्यधिक भीड़ न लगने पाए इसके लिए प्रत्याशियों का ही प्रवेश ब्लॉक प्रांगण में दिया गया। पहला दिन सकुशल निपटा।
अदेय प्रमाणपत्र के लिए बेचैन रहे दावेदार
सरेनी। ब्लॉक मुख्यालय में नामांकन करने वाले उम्मीदवारों व उनके प्रस्ताव को भीड़ उमड़ पड़ी। प्रधान पद के दावेदारों में सबसे ज्यादा उत्साह दिख रहा था। वह भारी वाहनों के साथ नामांकन करने के लिए पहुंच रहे थे। ब्लॉक मुख्यालय में गहमागहमी का माहौल रहा। कोई अदेय प्रमाणपत्र के लिए बेचैन दिखा तो कोई वोटर लिस्ट खोजता रहा। चिलचिलाती धूप में भी उम्मीदवारों का उत्साह देखते ही बन रहा था। आरओ डीके कुरील ने बताया कि पहला दिन शांतिपूर्ण ढंग से निपटा।
नामांकन स्थल से कुछ दूरी पर रोके गए समर्थक
डलमऊ। पंचायत चुनाव की नामांकन प्रक्रिया के पहले ही दिन उम्मीदवारों में खासी दिलचस्पी दिखी। सुबह से ही बड़ी संख्या में पुरुष व महिला उम्मीदवार नामांकन करने के लिए पहुंच गए। अपने समर्थकों व जुलूस के साथ पहुंच रहे उम्मीदवारों को पुलिस का विरोध भी झेलना पड़ा। नामांकन स्थल से कुछ ही दूरी पर पुलिस ने उन्हें बैरंग वापस कर दिया। उम्मीदवार को प्रस्तावक व उसके एक अन्य सहयोगी को ही नामांकन स्थल में प्रवेश की अनुमति मिली। एडीओ पंचायत श्रवण कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि प्रत्येक न्याय पंचायत के लिए एक काउंटर की व्यवस्था की गई।
कोरोना गाइड लाइन बनी मजाक
ऊंचाहार। ब्लॉक मुख्यालय पर पंचायत चुनाव के नामांकन की प्रक्रिया शुरू हुई। सुबह से ही उम्मीदवारों का हुजूम नामांकन के लिए ब्लॉक मुख्यालय में एकत्र होने लगा। उम्मीदवारों के साथ उनके समर्थकों की भीड़ ने कोरोना गाइड लाइन की धज्जियां उड़ा दी। भीड़ का आलम ये रहा कि नामांकन पटल पर लोग एक दूसरे से जुड़े हुए अपने प्रपत्र दाखिल कर रहे थे, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी सब कुछ देखते हुए आंखें बंद किए थे। उपजिलाधिकारी राजेंद्र शुक्ला ने बताया कि सभी को कोरोना गाइडलाइन का पालन करने का निर्देश दिया है। पहला दिन शांतिपूर्ण ढंग से निपटा।
जमानत राशि न जमा होने से बेहाल रहे दावेदार
राही। ब्लॉक में नामांकन प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही दावेदारों का हुजूम उमड़ पड़ा। इसमें से कुछ ऐसे रहे, जिन्होंने मास्क नहीं लगाए रखा था। इस पर पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए उन्हें पहले मास्क लगाने के लिए कहा। तल्ख भरी धूूप में भी मतदाताओं को जोश कम नहीं दिख रहा था। प्रधान, बीडीसी, ग्राम पंचायत सदस्य के दावेदार नामांकन करने के लिए नामांकन स्थल की तरफ बढ़ते रहे। जमानत राशि जमा न होने के कारण दावेदार परेशानी भी झेलते रहे। दावेदारों में इस समस्या की शिकायत भी अफसरों से की, लेकिन उन्होंने इस पर ध्यान नहीं दिया।
नारेबाजी करते हुए नामांकन स्थल पहुंचे दावेदार
हरचंदपुर। गहमागहमी के बीच नामांकन प्रक्रिया शुरू हुई। लाव लश्कर के साथ नारेबाजी करते हुए दावेदार नामांकन स्थल पहुंच रहे थे। ब्लॉक परिसर में खोले गए काउंटरों में ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य तथा ग्राम पंचायत सदस्य के उम्मीदवारों ने पर्चे दाखिल किए। सहायक विकास अधिकारी पंचायत अरविंद कुमार ने बताया कि पहले दिन ही पर्चा दाखिल करने के लिए दावेदार भारी तादाद में पहुंचे। लंबी लाइन में लगने के बाद सभी ने बारी-बारी से नामांकन किया।
लाइन में लगे, उत्साह नहीं हुआ कम
बछरावां ब्लॉक में पहले दिन गहमागहमी के बीच नामांकन कराई गई। तेज धूप में सैकड़ों की संख्या में पंचायत प्रत्याशियों ने लाइन में लगकर नामांकन पत्र जमा किए। घंटों लाइन में लगने के बाद भी दावेदारों का उत्साह कम नहीं हुआ। यहां पर सोशल डिस्टेसिंग का पालन होता नहीं दिखा। अधिकतर दावेदार मास्क नहीं लगाए थे। कोरोना को लेकर उन्हें कोई फिक्र नहीं थी। मौके पर तैनात अधिकारी व पुलिस भी मूकदर्शक बनी रही। रिटर्निंग आफीसर नूर आलम ने बताया कि पहला दिन शांतिपूर्ण रहा। कोतवाल राकेश सिंह सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस बल के साथ तैनात रहे।
लाव लश्कर के साथ पहुंचे दावेदार
खीरों। वैसे तो सुबह आठ बजे से ब्लॉक में पंचायत चुनाव को लेकर नामांकन प्रक्रिया शुरू होनी थी, लेकिन सात बजे से ही दावेदारों का हुजूम ब्लॉक मुख्यालय पर उमड़ने लगा। कोरोना को देखते हुए नामांकन के दौरान कोई सतर्कता नहीं बरती गई। लोग बिना मास्क के ही अपने समर्थित दावेेदारों के साथ ब्लॉक पहुंचते रहे। थानेदार लालचंद्र सरोज पुलिस बल के साथ सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चौकसी बरती। पुलिस की हिदायत के बाद भी दावेदार शोरशराबा करते रहे और सोशल डिस्टेसिंग की धज्जियां उड़ाते रहे। तल्ख धूप होने के बाद भी दावेदारों का उत्साह कम नहीं हो रहा था। उपजिलाधिकारी लालगंज विनय मिश्रा, क्षेत्राधिकारी लालगंज अंजनी कुमार चतुर्वेदी भी मौजूद रहे।
दिनभर रही गहमागहमी
गदागंज। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के नामांकन के प्रथम दिन ब्लॉक दीनशाह गौरा में सुबह से ही गहमागहमी का माहौल रहा। भोर से ही उम्मीदवार अपने समर्थकों के साथ ब्लॉक पहुंचने लगे, लेकिन नामांकन स्थल से 200 मीटर दूर ही पुलिस ने उन्हें रोक दिया। नामांकन प्रक्रिया शाम पांच बजे तक चलती रही। दावेदारों की भीड़ अधिक होने से व्यवस्था पूरी पटरी से उतरी रही। दावेदार मास्क लगाकर नामांकन स्थल नहीं पहुंचे। रिटर्निंग अधिकारी फरीद सिंह ने बताया कि पहला दिन शांतिपूर्ण रहा। उपजिलाधिकारी डलमऊ विजय कुमार, क्षेत्राधिकारी अशोक कुमार सिंह एवं थानेदार हरिशंकर प्रजापति ने नामांकन स्थल का निरीक्षण किया। साथ ही व्यवस्थाओं का जायजा भी लिया।