लालगंज (रायबरेली)। ऑनलाइन ट्रेडिंग के खिलाफ व्यापारियों ने आवाज उठाई है। व्यापारियों की समस्याओं के निस्तारण पर भी कार्रवाई की मांग की गई। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बनवारी लाल कंछल ने सोमवार को व्यापार मंडल की जिला कार्यसमिति की बैठक की। इस दौरान उन्होंने व्यापारियों से बातचीत की।
कहा कि ऑनलाइन व्यापार से छोटे दुकानदारों को भारी नुकसान हो रहा है। सरकार को तत्काल ऑनलाइन ट्रेडिंग की व्यवस्था समाप्त करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश के सात करोड़ व्यापारी इतने ही बेरोजगारों को रोजगार दे रहे हैं। इन व्यापारियों के परिवार के अलावा लगभग 70 करोड़ लोग व्यापार पर निर्भर हैं। व्यापारी जीएसटी, आयकर, टीडीएस, मंडी शुल्क सहित कुल सात प्रकार के टैक्स दे रहे हैं। इसके बदले उन्हें कोई सुविधा नहीं मिलती।
उन्होंने बताया कि ऑनलाइन ट्रेडिंग के विरोध में आगामी 17 जून को पूरे प्रदेश के जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन होगा। इसके बाद व्यापारी डीएम को ज्ञापन भी सौंपेंगे। बैठक में कंछल ने व्यापारियों की कई मांगों पर भी बात की। उन्होंने कहा कि जीएसटी पंजीकृत व्यापारियों को शस्त्र लाइसेंस मिलना चाहिए। सभी विभागों के लाइसेंस आजीवन किए जाएं।
टोल टैक्स की दरें 50 प्रतिशत कम हों। इसके अलावा व्यापारी पेंशन तीन हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रति माह व दुर्घटना बीमा की राशि 10 लाख से बढ़ाकर 20 लाख की जाए। बिजली के मिनिमम और फिक्स चार्ज समाप्त किए जाएं। उन्होंने संगठन की 35 सूत्रीय मांगों पर चर्चा की।
इस मौके पर नगर संरक्षक दीप प्रकाश शुक्ल, नगर अध्यक्ष विवेक शर्मा, जिला अध्यक्ष रोहित सोनी, कोषाध्यक्ष दीपचंद गुप्ता, अप्पू शर्मा, कृष्णा गुप्ता, दीपक अवस्थी, शिवम गुप्ता, रौनक सिंह मौजूद रहे।