ऊंचाहार के जमुनापुर चौराहे पर मंगलवार की सुबह कोहरे में लाइट जलाकर जाते वाहन।
रायबरेली। मौसम का मिजाज लोगों को परेशान किए हुए है। आसमान में धुंध छाई रहने से किसानों को बारिश की आशंका परेशान किए हुए है। जिन किसानों की सरसों की फसल खेत पर कटी पड़ी है, वह फसल को सुरक्षित करने का प्रबंध कर रहे हैं।
मंगलवार सुबह शहर को छोड़कर ग्रामीण क्षेत्रों में घना कोहरा रहा, जिससे वाहन चालकों को वाहनों की हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। शहर में धुंध छाई रही। जिसका असर पूरे दिन रहा। धूप निकली, लेकिन धुंध होने से उमस भरी गर्मी रही। किसान जगत नारायण मिश्रा, प्रेम शंकर मिश्रा, इंद्रदेव शुक्ल, भवानी बक्श सिंह, कौशलेंद्र सिंह, ओम प्रकाश मिश्रा, रामसागर पांडेय, हौसिला प्रसाद तिवारी का कहना है कि यदि इस तरह का मौसम बना रहता है तो बरसात हो सकती है। इससे खेतों में तैयार खड़ी फसल को भारी नुकसान हो सकता है।
हलोर पुरासी अलीपुर जमुरावां सहित पूरे क्षेत्र में सरसों, चना और मटर की फसल लगभग तैयार हो चुकी है। किसान सरसों की कटाई के बाद मड़ाई की तैयारी में जुटे हैं, लेकिन मौसम के बदलते रुख से उन्हें नुकसान की आशंका सता रही है। किसानों ने बताया कि दलहन और तिलहन की फसल लगभग तैयार है। ऐसे में यदि इस महीने बरसात हो गई तो चना, मटर, सरसों के साथ गेहूं की फसल को नुकसान हो सकता है।
इंदिरा गांधी उड़ान अकादमी फुरसतगंज के अनुसार मंगलवार को अधिकतम तापमान 34.3 व न्यूनतम तापमान 19.6 डिग्री रहा। मौसम विशेषज्ञ अजय मिश्रा ने बताया कि इस समय तापमान अधिक होने से चक्रवात का असर बन रहा है। इससे धुंध छाने के साथ सुबह कुछ जगहों पर कोहरा पड़ रहा है। 13 मार्च से बूंदाबांदी और बारिश की संभावना है। इसके बाद तापमान में हल्की गिरावट दर्ज होगी। वहीं मार्च की 24 तारीख को फिर से मौसम बदलने की संभावना है।