रायबरेली। माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा में जिस तरह कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी आनलाइन लगाई गई थी, उसी तरह मूल्यांकन कार्य के लिए परीक्षकों की ड्यूटी भी ऑनलाइन माध्यम से लगाने की तैयारी है। इसीलिए विद्यालयों के शिक्षकों का डाटा वेबसाइट पर अपडेट करने को कहा गया है।
डाटा अपडेट करने का काम 14 अप्रैल को रात 12 बजे तक पूरा करना होगा। अभी मूल्यांकन कार्य की तिथि घोषित नहीं हुई है और न ही केंद्रों का निर्धारण हुआ है।
यूपी बोर्ड की परीक्षा के लिए जिले में 103 केंद्र बनाए गए थे। परीक्षार्थियों की संख्या लगभग 65 हजार थी। परीक्षा कराने के लिए कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी ऑनलाइन माध्यम से लगाई गई थी।
इसके लिए माध्यमिक विद्यालयों के साथ ही बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों का ब्योरा पहले से ही वेबसाइट पर अपलोड करा लिया गया था। बोर्ड परीक्षाएं समाप्त हो चुकी हैं।
अब मूल्यांकन की तैयारी शुरू हो गई है। मूल्यांकन के लिए परीक्षकों की तैनाती की जानी है, जिसके लिए विद्यालयों के शिक्षकों का ब्योरा मांग लिया गया है। इससे संभावना जताई जा रही है कि परीक्षकों की ड्यूटी भी ऑनलाइन माध्यम से लगाई जाएगी।
पिछली बोर्ड परीक्षाओं में जिले में चार मूल्यांकन केंद्र बनाए जाते रहे हैं, लेकिन इस साल अभी तक मूल्यांकन केंद्रों का निर्धारण नहीं हुआ है।
मूल्यांकन कार्य कब शुरू होगा, इस बारे में भी कुछ तय नहीं हुआ है। माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव दिव्यकांत शुक्ल ने एक पत्र जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि वर्ष 2022 की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं से संबंधित उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शीघ्र प्रारंभ किया जाना है।
मूल्यांकन के लिए नियुक्त किए जाने वाले शिक्षकों का ब्योरा अपडेट करने को कहा गया है। इसके लिए परिषद की वेबसाइट खोल दी गई है, जिसमें विद्यालयों को सभी शिक्षकों का ब्योरा 14 अप्रैल को मध्यरात्रि 12 बजे तक अपडेट करना होगा।
कैमरे की निगरानी में होंगे प्रैक्टिकल
वर्ष 2022 की यूपी बोर्ड की इंटरमीडिएट की प्रयोगात्मक परीक्षाएं सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में कराई जाएंगी। इस संबंध में माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव ने जिला विद्यालय निरीक्षक को पत्र भेजा है। उन्होंने कहा है कि प्रयोगशालाओं में सीसीटीवी की उपलब्धता न होने की बात सामने आई है।
परीक्षा केंद्रों के शिक्षण कक्षों में सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं, जिन्हें प्रयोगशालाओं में प्रयुक्त किया जा सकता है। उन्होंने डीआईओएस से व्यवस्था दुरुस्त कराने को कहा है। डीआईओएस ओमकार राणा का कहना है कि माध्यमिक शिक्षा परिषद से मिले निर्देशों का अनुपालन कराया जा रहा है।