रायबरेली। जिले के उन गांवों को पक्की सड़कों से जोड़ने की तैयारी शुरू हो गई है, जो अब तक बेहतर रास्तों से अछूते थे। मंडी परिषद की ओर से 15 नए मार्गों का निर्माण कराया जाएगा, जिससे न केवल आम लोगों की राह आसान होगी, बल्कि किसान भी अपनी उपज आसानी से मंडी तक पहुंचा सकेंगे।
वर्तमान में चिह्नित ये मार्ग बेहद खस्ताहाल हैं। कहीं पुराना खड़ंजा लगा है, तो कहीं लोग कच्चे रास्तों से चलने को मजबूर हैं। बारिश के दिनों में इन गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से कट जाता है और निकलना मुश्किल हो जाता है। नई योजना के तहत 50 मीटर से लेकर एक किलोमीटर तक की लंबाई वाली इन सड़कों के बनने से लगभग 50 हजार लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।
मंडी परिषद ने इन सड़कों के निर्माण के लिए आठ करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है और टेंडर की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। मुख्य अभियंता गिरधारीलाल ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही निर्माण कार्य युद्धस्तर पर शुरू कराया जाएगा, ताकि ग्रामीणों और किसानों को जल्द से जल्द आवागमन की आधुनिक सुविधा मिल सके।
इन सड़कों का कराया जाएगा निर्माण
-रैली कल्याणपुर से टिकरा पक्की सड़क तक
-पैड़ेपुर सेवठा मार्ग से जगतपाल का पुरवा तक
-हरचंदपुर अघौरा मार्ग से सेवठी संपर्क मार्ग तक।
-जोहवासर्की भखरवारा मार्ग से पहली बाजार तक।
-रामपुर से भखरवारा मार्ग तक।
-दतौली से पूरे गजराजसिंह तक।
-पूरे दुलारा से पूरे लसोड़हाई तक
-पूरे कोइली कोरिहर से पूरे बालादीन तक।
-केलौली बरउवा पुलिया से जगजीवन अमरिया तक
-कोरिहर से पूरे आशाराम तक
-त्रिपुला माइनर से पूरे झम्मन का पुरवा तक।
-जोहवासर्की कुंदनगंज मार्ग से अधीरा का पुरवा तक
-महराजगंज-हैदरगढ़ मार्ग से पूरे मघई तक
-दशवतपुर से गहिरा तक।