घटना से आक्रोशित परिजन संग ग्रामीण शव लेकर विद्युत उपकेंद्र पहुंचे। लोगों को आता देख कर्मचारी भाग निकले। लोग आरोपियों पर कार्रवाई की मांग करते हुए विरोध जताने लगे। घटना की जानकारी मिलने पर आसपुर देवसरा थानाध्यक्ष व पट्टी कोतवाल भी मौके पर पहुंचे। आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
इस बीच एसडीओ पट्टी एसबी प्रसाद पट्टी व देवसरा के जेई के साथ पहुंचे। मृतक के परिजनों को 20 हजार रुपये तत्काल देते हुए हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। मृतक की मां उर्मिला ने देवसरा पुलिस को लाइनमैन व एसएसओ के खिलाफ तहरीर दी। थानाध्यक्ष संतोष सिंह ने बताया कि तहरीर मिली है। पीएम के बाद मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
विद्युत उपकेंद्र पर भीड़ से हाईवे पर लग गया जाम
विद्युत उपकेंद्र पर मृत युवक का शव रखकर लोग हंगामा करने लगे। सुबह आठ बजे से दो घंटे तक हंगामा चलता रहा। इससे वाराणसी-लखनऊ राजमार्ग पर जाम लग गया। लखनऊ की ओर से आने वाले वाहनों की लंबी कतार लगी रही। इस दौरान पुलिस लोगों को किनारे करने का प्रयास करती रही, लेकिन कोई उनकी बात सुनने को तैयार नहीं था।
चार भाइयों में मझला था जितेंद्र
छतौना निवासी जितेंद्र चार भाइयों में मझला था। सबसे बड़ा भाई सुरेंद्र है। मृतक से छोटे चंद्रजीत व सुभाष हैं। हालांकि परिवार के लोगों का जितेंद्र सहारा था।