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अफसरों के गठजोड़ से चल रहा पेट्रोल और डीजल के मिलावट का गोरख धंधा

Tue, 24 Aug 2021 12:55 PM IST
इलाहाबाद ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
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पेट्रोल पंप - फोटो : demo pic
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जिले के पेट्रोलपंपों पर मिलावट का गोरखधंधा अफसरों के गठजोड़ से फल-फूल रहा है। पेट्रोल और डीजल में साल्वेंट ऑयल मिलाकर ग्राहकों को चूना लगाने वाले पंप संचालक मोटी कमाई कर अफसरों की जेब गर्म कर रहे हैं। आश्चर्य की बात तो यह है कि शासन के निर्देश के बाद भी इन पंपों के खिलाफ जांच का अभियान नहीं चलाया जा रहा है। हालांकि मिलावट का यह खेल सिर्फ बेल्हा तक ही नहीं सीमित है, बल्कि प्रयागराज और कौशांबी में भी व्यापक स्तर पर चल रहा है।
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नगर कोतवाली के गोपालापुर गांव स्थित तिल्का पेट्रोल पंप पर पेट्रोल और डीजल में मिलावट करने के लिए साल्वेंट ऑयल उतारते लोगों को रंगे हाथ दबोचने के बाद पेट्रोलपंपों के काले कारनामे को एसटीएफ ने बेनकाब कर दिया है। एसटीएफ के हाथ लगे गिरोह के सदस्यों ने जो बताया है उससे पूरे जिले के लोग हैरत में हैं। साल्वेंट ऑयल की सप्लाई के गिरोह में शामिल सदस्यों ने खुलासा किया है कि बेल्हा ही नहीं, बल्कि प्रयागराज और कौशांबी जिले के पेट्रोलपंपों पर भी मिलावट का खेल चल रहा है।

जिले में शहर और गांव के पेट्रेलपंपों पर मिलावट का खेल व्यापक स्तर पर हो रहा है। एसटीएफ ने जो खुलासा किया है कि उसके मुताबिक 25 जुलाई को कटरा रोड स्थित एक पेट्रोल पंप पर तीन हजार लीटर साल्वेंट ऑयल उतारा गया था। 20 अगस्त को गोपालापुर और कटरा रोड स्थित दोनों पंपों पर मिलावट के लिए साल्वेंट ऑयल उतारा गया था।
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इससे साफ हो गया है कि जिले में अधिकांश पेट्रोलपंपों पर मिलावट का खेल तेजी से चल रहा है। पेट्रोल और डीजल की मिलावट को पकड़ने वाले अधिकारियों के गठजोड़ के चलते यह धंधा फल-फूल रहा है। पंप संचालकों के अवैध कार्यों पर अफसर पर्दा डाल रहे हैं।

जिले में बगैर लाइसेंस चल रहे हैं पंप
जिले में कुछ पेट्रोल पंप ऐसे हैं, जो बगैर लाइसेंस चल रहे हैं। एटीएफ की जांच में खुलासा हुआ था कि गोलापापुर स्थित अल्का पेट्रोलपंप का लाइसेंस दो साल पहले निरस्त हो गया था, मगर अफसरों की मिलीभगत के चलते इस पेट्रोल पंप को बंद नहीं कराया गया। इस पंप के अवैध होेने का खुलासा पुलिस ने किया है। अगर पुलिस कार्रवाई न होती, तो शायद आज भी यह जानकारी न हो पाती कि पेट्रोलपंप का लाइसेंस दो साल पहले निरस्त किया गया था।

जिले में पेट्रोलपंपों अब निरीक्षण किया जाएगा। मैं नई आई हूं। इसलिए मुझे यह जानकारी नहीं थी कि पंप का लाइसेंस नहीं है। हालांकि मामला अभी कोर्ट में चल रहा है, मगर कोर्ट ने कोई राहत नहीं दी है। रीना कुमारी, डीएसओ
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