विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम पंकज कुमार श्रीवास्तव ने नाबालिग को घर से भगाकर कई माह तक दुराचार करने के आरोप में कंधई निवासी अजय कुमार वर्मा को दोषी पाते हुए दस साल की कैद व दस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अर्थदंड की राशि अदा न करने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। कोर्ट ने अर्थदंड की राशि पीड़िता को उसके चिकित्सकीय और मानसिक आघात की क्षतिपूर्ति के लिए देने का निर्देश दिया है।
वादी मुकदमा ने कंधई थाने में केस दर्ज करते हुए बताया था कि 24 जुलाई 2014 की रात गांव निवासी अजय कुमार उसकी नाबालिग बेटी को बहलाकर ले गया। जांच के बाद पुलिस ने कार्रवाई कर किशोरी को बरामद कर लिया। इस दौरान आरोपी ने उसकी शादी दूसरे से कराने का भरोसा दिलाया। इसके बाद वह बेटी को दिल्ली ले गया और कई माह तक उसके साथ दुराचार किया। इस मामले में राज्य की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक प्रदीप कुमार पांडेय ने की।