प्रतापगढ़ में आयोजित सीआरपीएफ प्रवेश परीक्षा देकर लौट रहे अभ्यर्थियों ने रविवार को रेलवे स्टेशन पर हंगामा किया। वे अप और डाउन की पंजाब मेल और वाराणसी जाने वाली जनता एक्सप्रेस के स्लीपर कोच में घुस गए और बर्थ पर कब्जा कर लिया। जनता को चेन पुलिंग करके काफी देर तक रोके रखा। शहर के कई विद्यालयों को सीआरपीएफ प्रवेश परीक्षा का केंद्र बनाया गया था। मैनपुरी, मुरादाबाद, वाराणसी, जौनपुर, इटावा, सीतापुर जैसे दूर-दूर जनपदों से अभ्यर्थी परीक्षा देने आए हुए थे। दोपहर बाद परीक्षा देकर केंद्रों से निकले परीक्षार्थी प्रतापगढ़ रेलवेे स्टेशन पहुंचे। सैकड़ों की संख्या में अभ्यर्थियों ने घुसते ही हंगामा करना शुरू कर दिया। प्लेटफार्म पर घूम-घूमकर हल्ला मचाते रहे। इसी बीच देहरादून से वाराणसी जाने वाली जनता एक्सप्रेस आ गई। ट्रेन के रुकते ही अभ्यर्थी कोचों में सवार हो गए।
ठहराव के बाद ट्रेन चली तो किसी ने चेन पुलिंग कर दी। पता चला कि अभ्यर्थी चढ़ नहीं पाए थे। इस चक्कर में ट्रेन करीब पंद्रह मिनट तक खड़ी रही। बाद में एसएम शमीम अहमद ने चालक से बात करके ट्रेन को चलवाया। इसके जाने के करीब दो घंटे अमृतसर से हावड़ा और हावड़ा से आने वाली पंजाब मेल की यहां पर क्रासिंग हुई। इस दौरान अभ्यर्थियों की भीड़ स्लीपर कोचों में घुस गई। अनचाही भीड़ को अचानक से अंदर आते देखकर यात्रियाें ने पहले तो ऐतराज किया, मगर उनकी संख्या देखकर वे उनको अपनी बर्थ पर बैठने से ज्यादा देर तक रोक नहीं पाए। हालांकि यात्रियों ने इसकी शिकायत जीआरपी से की। एसआई राहुल द्विवेदी ने सिपाही जितेंद्र और अवधेश चौधरी को लेकर कुछ कोचों को खाली कराया, मगर तब तक ट्रेेन चल दी। जो उतरे भी वे दोबारा दौड़ते हुए स्लीपर में घुस गए। स्टेशन पर केवल बवाल न होने पाए, इसके लिए कोतवाली से फोर्स भी मंगाई थी। एसओ वीके सिंह ने बताया कि भीड़ में शामिल कुछ उपद्रवी हो-हल्ला कर रहे थे। मगर किसी प्रकार का नुकसान नहीं किया।