टैंकर से मिलावटी डीजल व पेट्रोल की सप्लाई करने वाले गिरोह का भांडाफोड़ करते हुए एसटीएफ ने सरगना समेत चार लोगों को धर दबोचा। मिलावटी डीजल व पेट्रोल बनाने में प्रयुक्त होने वाले 11500 लीटर साल्वेंट भी बरामद किया। जिला पूर्ति अधिकारी ने पेट्रोल पंप को सीज कर दिया। पकड़े गए सरगना समेत चार लोगों के खिलाफ प्रतापगढ़ के फतनपुर थाने में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जेल भेज दिया।
एसटीएफ प्रयागराज की टीम सीओ नावेंदु सिंह के नेतृत्व में प्रयागराज, कौशांबी समेत प्रतापगढ़ जनपद स्थित पेट्रोल पंपों पर टैंकर की मदद से मिलावटी डीजल व पेट्रोल सप्लाई करने वाले गिरोह की धरपकड़ टीम लगी हुई थी। टीम को जानकारी हुई कि फतनपुर के पटहटिया कला स्थित पेट्रोल पंप पर मिलावटी डीजल पेट्रोल बेचने वाला गिरोह मौजूद है। जिसके बाद टीम के लोगों ने जिला पूर्ति अधिकारी कार्यालय के अधिकारियों की मौजूदगी में पेट्रोल पंप पर छापा मारा। एसटीएफ ने मौके से एक टैंकर बरामद किया। जिसमे 11500 लीटर सालवेंट अधोमानक पेट्रोलियम पदार्थ बरामद हुआ। मौके से एक कार, 9000 लीटर हाईड्रोकार्बन मिक्सचर,2500 लीटर सालवेंट, एक डीप राड, दो फर्जी बिल्टी, एक टैक्स इनवाइस, 1,95 हजार रुपये , मोबाइल, टैब्लेट बरामद हुआ। टीम के हत्थे चढ़े सरगना राजकुमार जायसवाल ने पूछताछ में बताया कि वह पहले वह तेल टैंकर के चालक के रूप में काम कर चुका है। उसे इस बात की जानकारी हो गई कि मिलावटी पेट्रोल व डीजल किस तरह तैयार होता है। इससे वह कम समय में पैसा कमा सकता है। इसके लिए उसने पेट्रोल पंपों पर नकली डीजल व पेट्रोल सप्लाई करने की ठानते हुए वर्ष 2000 में जायसवाल इंटरप्राइजेज नाम से एक फर्म पंजीकृत कराया। कुछ दिनों बाद मिलावटी डीजल व पेट्रोल सप्लाई के मामले में फंस गया और जिला पूर्ति अधिकारी प्रयागराज ने मुकदमा दर्ज कराते हुए जेल भेज दिया। जेल से छूटने के बाद नए सिरे से काम शुरू किया। रायबरेली की एक कंपनी से उसका संपर्क हुआ।
कंपनी की आड़ में मिलावटी डीजल व पेट्रोल बेचे जाने वाले साल्वेंट का अवैध कारोबार होता है। मनमाने ढ़ग से बिल्टी तैयार कर पेट्रोल पंपों पर भेजा जाता था। एसटीएफ ने मिलावटी पेट्रोल व डीजल बेचने का कारोबार के सरगना राजकुमार जायसवाल निवासी सीओडी छिवंकी रोड संजय नगर नैनी प्रयागराज, पंप संचालक विपिन मिश्रा निवासी शेखपुर अठगवां, पंप मैनेजर अंकित शर्मा निवासी ग्राम गुड़रु रामपुर मानधाता व ट्रैंकर चालक बरमदीन उर्फ तेगा निवासी ग्राम मुंगारी औद्योगिक क्षेत्र प्रयागराज के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। मौके पर मौजूद जिला पूर्ति विभाग की टीम ने पेट्रोल पंप को सीज कर दिया। सीओ रानीगंज डा. अतुज अंजान त्रिपाठी ने बताया कि मिलावटी डीजल-पेट्रोल का कारोबार करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा जा रहा है।
रायबरेली से तीन जिलों में होती थी सप्लाई
एसटीएफ के सीओ नावेंदु सिंह ने बताया कि सरगना राजकुमार जायसवाल ने पूछताछ में बताया कि रायबरेली अमावां की एमकैप मार्केटिंग प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के संचालक नरेश अग्रवाल व उसके पौत्र प्रणव अग्रवाल से मिलकर यह काम करने लगा। इस कंपनी के जरिए मिलावटी डीजल कौशांबी, प्रयागराज में संचालित क्रेशर प्लांटों पर भी बेचा जाने लगा। नरेश अग्रवाल से वह 50-55 रुपये प्रति लीटर की दर से मिलावटी डीजल व पेट्रोल खरीदता था। जिसे पेट्रोल पंपों पर 60-65 रुपये प्रतिलीटर बेचा जाता था। जिले के भी पेट्रोल पंपों पर मिलावटी डीजल व पेट्रोल की सप्लाई करता था।