शहर के हॉटस्पॉट जिला अस्पताल के आसपास पूरी तरह सन्नाटा पसरा हुआ है। बॉब, एसबीआई और ग्रामीण बैंक की कैश वैन के लिए दो घंटे की ढील दी गई है। शहर के अतिव्यस्तम इलाके में लोगों के घरों से बाहर निकलने पर पाबंदी लगा दी गई है। होम डिलेवरी के माध्यम से सामानों की आपूर्ति की जा रही है।
जिला अस्पताल में कोरोना मरीज की मौत के बाद एक किमी परिसर को हॉटस्पॉट घोषित कर दिया गया है। राजापाल टंकी चौराहा से चौक तक रास्ते को पूरी तरह सील कर दिया है। एसबीआई के सामने से चौक तक भीषण बैरीकेटिंग की गई है।
जिससे पैदल व्यक्तियों को अंदर घुसने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। सुबह से शाम तक भारी संख्या में तैनात रहने वाली फोर्स लोगों की सुरक्षा के लिए तैनात है। राजा प्रताप बहादुर पार्क में दवाओं के थोक विक्रेताओं के साथ ही अल्ट्रासाउंड, डिजिटल एक्सरे की दुकानें हैं।
चिकित्सा क्षेत्र का हब कहा जाने वाला जिला अस्पताल का एरिया हॉटस्पॉट घोषित होने से जांच कराने और दवा लेने वाले मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। हालांकि पुलिस की सख्ती के चलते कोई भी व्यक्ति अंदर नहीं घुसने पा रहा है।
इधर बैंक ऑफ बडौदा, एसबीआई और बड़ौदा उप्र ग्रामीण बैंक के कैश वैन को आने-जाने के लिए दो घंटे की ढील दी गई है। इससे सभी एटीएम में रुपये डालने में मदद मिल रही है।
एसबीआई कृषि शाखा में जमा करें चालान
एसबीआई की मुख्य शाखा बंद होने से चालान जमा करने में हो रही परेशानी के चलते भंगवाचुंगी स्थित एसबीआई की कृषि शाखा में चालान जमा करने की छूट दी गई है। वरिष्ठ कोषाधिकारी दीपक बाबू ने बताया कि मुख्यशाखा हॉटस्पॉट जोन में होने के कारण एसबीआई की कृषि शाखा में चालान जमा करने की व्यवस्था की गई है।