लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में रुपये के लेनदेन के विवाद में प्रापर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या कर भाग रहे आरोपी को नवाबगंज पुलिस ने ब्रह्मरौली सीमा पर चेकिंग के दौरान दबोच लिया। पूछताछ के बाद उसकी स्कार्पियो से घटना में प्रयुक्त असलहा भी बरामद कर लिया। सूचना पर पहुंची लखनऊ पुलिस उसे साथ ले गई।
नवाबगंज थानाध्यक्ष अखिलेश प्रताप सिंह ने बताया कि लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र के वृृंदावन योजना सेक्टर 14 बरौली क्रासिंग निवासी दुर्गेश यादव प्रापर्टी डीलिंग का काम करता था। बुधवार की सुबह दस बजे दुर्गेश के घर मनीष कुमार पुत्र सुशील कुमार निवासी धनपुरा थाना नसीरपुर जनपद फिरोजाबाद अपने तीन साथियों के साथ पहुंचा।
रुपये के लेनदेन को लेकर उनके बीच बातचीत हुई। मनीष ने नौकरी दिलाने के लिए दो साल पहले दुर्गेश को रुपये दिए थे जो वह लौटा नहीं रहा था। विवाद के दौरान मनीष के साथियों ने दुर्गेश को गोली मार दी। बाद में उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद मनीष अपनी स्कार्पियो से प्रयागराज भाग रहा था। लखनऊ पुलिस के अफसरों ने पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य को इसकी जानकारी दी।
एसपी के आदेश पर नवाबगंज पुलिस ने रायबरेली सीमा पर वाहनों की चेकिंग शुरू कर दी। इस बीच स्कार्पियो आती दिखी। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे रोक लिया। कार चला रहे मनीष को पुलिस ने तुरंत हिरासत में ले लिया। तलाशी के दौरान स्कार्पियो से असलहा बरामद हुआ। पूछताछ करने पर मनीष ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। आरोपी के पकड़े जाने की खबर मिलते ही लखनऊ डीसीपी ईस्ट चारू निगम के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। उसे लखनऊ पुलिस के हवाले कर दिया गया। एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि नवाबगंज पुलिस ने आरोपी को पकड़कर लखनऊ पुलिस के हवाले कर दिया।
फर्जी दरोगा बनकर जमाता था धौंस
प्रापर्टी डीलर दुर्गेश को गोली मारकर भाग रहे मनीष यादव की तलाशी के दौरान नवाबगंज पुलिस को एक दरोगा का फर्जी आईकार्ड मिला। उसमें मनीष की वर्दी पहने फोटो लगी थी। पूछताछ में उसने बताया कि कार्ड फर्जी है। इसे लेकर वह चलता था। कभी चेकिंग में फंसता था तो फर्जी दरोगा का कार्ड दिखाकर निकल लेता था। वह फर्जी दरोगा के आईकार्ड के बल पर लोगों से दबंगई भी करता था।
किशोरी ने फांसी लगाकर दी जान
किशोरी ने फांसी लगाकर जान दे दी। जिससे घर में कोहराम मच गया। अंतू थाना क्षेत्र के चौहान का पुरवा छतरपुर निवासी हनुमान प्रसाद मिश्र की बेटी आंचल ने बुधवार की सुबह अज्ञात कारणों से घर के भीतर फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। परिवार के लोगों की नजर पड़ी तो कोहराम मच गया। सूचना मिलने पर पुलिस ने उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। अंतू थानाध्यक्ष ने बताया कि परिवार की आर्थिक हालत ठीक नहीं है। किस वजह से किशोरी ने आत्मघाती कदम उठाया, इसके बारे में कोई कुछ बता नहीं पा रहा है।