जीत का प्रमाण पत्र लेतीं नवनिर्वाचित अध्यक्ष प्रेमलता सिंह।
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पति के निधन से रिक्त हुई सीट पर चुनाव लड़ रही प्रेमलता के आंसुओं को मतदाताओं ने सहानुभूति के रूप में लिया। बृहस्पतिवार को चुनाव में जीत की खबर के साथ प्रमाणपत्र लेने के लिए बेटे विशाल सिंह व देवर बब्बू सिंह ने जीआईसी बुलाया। वाहन से उतरते ही समर्थक नारेबाजी करने लगे। यह देख भावुक हुईं नवनिर्वाचित प्रेमलता सिंह की आंखें डबडबा गईं।
आंखों से छलकते आंसुओं के साथ उनके कदम प्रमाणपत्र लेने के लिए बढ़ते रहे। पति की विरासत दूसरी बार संभालने वाली प्रेमलता ने भले ही जीत हासिल कर ली हो लेकिन पति के असमय साथ छोड़कर चले जाने का दुख साफ नजर आ रहा था।