किसानों की मौत पर आश्रितों को मिलने वाले पांच लाख रुपये का भुगतान करने में बीमा कंपनी के बगैर कारण बताए 211 आवेदन पत्रों को निरस्त करने पर डीएम मार्कंडेय शाही ने गहरी नाराजगी प्रकट करते हुए नोडल अधिकारी से बीमा कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने को कहा है। मंगलवार की शाम हुई समीक्षा बैठक में खुलासा हुआ कि 968 किसानों के दावे में 425 लंबित हैं और 211 दावों को फर्जी बताकर निरस्त कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री किसान एवं सर्वहित बीमा योजना की मंगलवार शाम डीएम ने समीक्षा की। नोडल अधिकारी विजय कुमार ने बताया कि जिले के 968 किसानों ने दावा किया था, जिसमें 332 आवेदनों को स्वीकृत किया गया, 425 लंबित हैं और 211 दावों को बगैर कारण बताए निरस्त कर दिया गया है। डीएम ने बीमा कंपनी के प्रतिनिधि पंकज कुमार को निदेर्शित किया कि 31 दिसंबर 2016 से लंबित 20 दावों का अविलंब भुगतान किया जाए। बैठक में प्रमुख रूप से एडीएम शत्रोहन वैश्य और एसडीएम मौजूद रहे।