रानीगंज बांसी डाकघर के 22.70 लाख के गबन के आरोपी शाखा डाकपाल को निलंबित कर दिया गया। उनका प्रभार शिकायतकर्ता डाक सर्वेक्षक को मिल गया है। डाकपाल रानीगंज ने बताया कि आरोपित डाकपाल के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू हो गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद पुलिस रिपोर्ट दर्ज करेगी।
रानीगंज बांसी निवासी मानसिंह गांव में स्थित डाकघर में शाखा डाकपाल के पद पर तैनात था। वह घर-घर डाक पहुंचाने के साथ ही जमा और निकासी का भी काम करता था। उसके ऊपर डाक सर्वेक्षण दुर्गेश पांडेय ने 22 लाख 70 हजार 747 रुपये गबन करने का आरोप लगाया। डाक सर्वेक्षण ने बताया कि बांसी शाखा डाकपाल कार्य के दौरान अगस्त महीने में 22 लाख 70 हजार 747 रुपये लेकर भाग निकला। डाक सर्वेक्षण के शिकायत पर प्रतापगढ़ डाकघर के अधीक्षक ने गबन के आरोपी को निलंबित करते हुए जांच शुरू कर दिया। रानीगंज के सहायक डाकपाल धीरेंद्र शुक्ल ने बताया कि जांच के बाद रिपोर्ट थाने आएगी। यदि गबन का आरोप सिद्ध होगा तो बांसी डाकपाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। रविवार ओर सोमवार अवकाश होने के कारण जांच की कार्रवाई आगे नहीं बढ़ सकी। मंगलवार से जांच शुरू हो जाएगी। सप्ताह भर के अंदर जांच रिपोर्ट सामने आ जाएगी।
जांच के आंच में आ सकते हैं कई और शाखा डाकपाल
जिले के उपडाकघरों की यदि सही से जांच हुई तो कई और डाकपाल पर जांच की आंच आ सकती है। अधिकांश डाकपाल ग्राहकों के पासबुक को अपने पास रखते हैं। पैसा लेने के बाद उनके खाते में जमा करना भूल जाते हैं। कई बार निकासी के दौरान भी खेल कर जाते हैं। लेकिन शिकायत न मिलने के कारण अफसर भी चुप्पी साधे रहते हैं।