घटना के बाद छानबीन करने पहुंची पुलिस।
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लालगंज कोतवाली क्षेत्र के राजातारा अमावां गांव में पाही पर सो रहे वृद्ध की सिर कूंचकर हत्या कर दी गई। घटना की जानकारी सुबह परिजनों को हुई। वृद्ध परिवार से अलग खेत में स्थित पाही पर रहता था। उसका काफी दिनों से परिवार के लोगों से कोई मेलजोल नहीं था। परिजनों ने किसी पर शक नहीं जाहिर किया है। पुलिस पारिवारिक विवाद में वारदात को अंजाम देने की बात से इनकार नहीं कर रही है। फिलहाल घटना की छानबीन चल रही है।
लालगंज कोतवाली के अमावां राजातारा निवासी साठ वर्षीय रामफेर दो साल से पत्नी व बच्चों से अलग गांव से एक किलोमीटर दूर खेत में छप्परनुमा घर में रहता था। परिजनों से वह इस कदर नाराज था कि कोई उधर आता को मारपीट पर आमादा हो जाता था। जिसके चलते परिवार के लोगों ने उसके पास आना बंद कर दिया। रविवार को दस बजे गांव के लोग खेत की ओर गए तो रामफेर का रक्तरंजित शव पड़ा देख दंग रह गए।
बताया जाता है कि रात में किसी ने वृद्ध के सिर पर ईंट या किसी वजनदार वस्तु से ताबड़तोड़ वार कर बुरी तरह से कूंच डाला। हत्यारे बेरहमी से कत्ल करने के बाद मौके से भाग निकले। ग्रामीणों की सूचना पर पत्नी द्रोपती देवी समेत परिवार के लोग रोते-बिलखते पहुंच गए। हत्या की जानकारी पर प्रभारी निरीक्षक नीरज कुमार यादव फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। छानबीन के दौरान वृद्ध की हत्या में प्रयुक्त कोई भी सामान मौके पर बरामद नहीं हुआ।
जांच के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के दो बेटे रामू और श्यामू हैं। रामू परदेस में जबकि श्यामू ससुराल में रहता है। उसके पांचों बेटियों की शादी हो चुकी है। परिजनों ने घटना को लेकर तहरीर नहीं दी है। लालगंज कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक नीरज कुमार यादव ने बताया कि जांच में मृतक की किसी से रंजिश सामने नहीं आई है। पारिवारिक विवाद में घटना की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता। पूरी जांच व साक्ष्य के आधार पर शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी।