कोहड़ौर थाने के चौकीदार के भाई की लाठी-डंडे से पीटकर की गई हत्या से आक्रोशित ग्रामीणों ने बृहस्पतिवार को बाजार में सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। लोग आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ परिवार की आर्थिक मदद की मांग कर रहे थे। सूचना पर पहुंचे एसडीएम ने किसी तरह उन्हें समझाकर मनाया।
कोहड़ौर इलाके के कोड़री निवासी लहुरी गौतम का बड़ा बेटा राधेश्याम थाने का चौकीदार है। मंगलवार की शाम पड़ोसियों ने रंजिश में राकेश के घर की महिलाओं को पीट दिया। इसकी जानकारी होने पर मेले से घर आ रहे राकेश के ऊपर भी हमलावरों ने लाठी-डंडे व कुल्हाड़ी से हमला बोल दिया। उसकी बुधवार को मौत हो गई थी।
इस मामले में मृतक की पत्नी सावित्री की तहरीर पर पुलिस ने तुलसीराम, सचिन, विपिन, बसंतलाल, अमृतलाल, रामेश्वर, जगन्नाथ, राजेंद्र कुमार, राकेश कुमार, अखिलेश, सूरज, शीतला प्रसाद, जयप्रकाश, अनंतूराम, सन्नी, धीरज, रीता, संगीता, तुलसीराम की पत्नी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। बृहस्पतिवार की शाम पोस्टमार्टम के बाद परिजन एंबुलेंस से राकेश का शव लेकर घर जाने लगे। उनके साथ सीओ सिटी अभय पांडेय व कोहड़ौर पुलिस भी थी।
घटना से आक्रोशित परिजन व ग्रामीण मदाफरपुर में जाम लगाने पहुंच गए। एंबुलेंस व पुलिस की गाड़ी देख महिलाएं सड़क पर बैठ गईं। पुलिस सभी को हटाने का प्रयास करने लगी, मगर बात नहीं बनी। पुलिस की मौजूदगी में ग्रामीण जबरन शव एंबुलेंस से उतारकर सड़क पर रख दिए। लोग आरोपियों की गिरफ्तारी संग परिवार की आर्थिक मदद की मांग करने लगे। सीओ सिटी परिजनों को भरोसा दिलाते रहे, मगर कोई सुनने के लिए तैयार नहीं था।
करीब दो घंटे बाद पहुंचे एसडीएम पट्टी डीपी सिंह को राधेश्याम ने खेती करने के लिए पट्टा, पांच लाख रुपये आर्थिक मदद, पेंशन समेत अन्य मांगों का ज्ञापन सौंपा। उनकी मांगों को पूरा करने का उसडीएम ने आश्वासन दिया। इसके बाद लोगों ने जाम समाप्त कर दिया। तब जाकर पुलिस ने राहत की सांस ली। सीओ सिटी अभय पांडेय ने बताया कि आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है।
कोहडौर थाने के मदाफरपुर चौराहे पर युवक के पिता से शिकायत पत्र लेते एसडीएम डीपी सिंह। संवाद- फोटो : PRATAPGARH