पुलिस और अधिवक्ताओं के बीच चल रहा विवाद गहराता जा रहा है। शुक्रवार से शुरू हुआ वकीलों का विरोध सोमवार को चौथे दिन और तेज हो गया। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर में पट्टी कोतवाल का पुतला फूंकते हुए पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
अधिवक्ता रवि सिंह से पुलिस द्वारा अभद्रता से नाराज वकीलों ने शुक्रवार को ही तहसील गेट पर तालाबंदी कर न्यायिक कार्य से विरत रहने की घोषणा की थी। इसके बाद से लगातार विरोध जारी है। रविवार को बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों और अधिवक्ताओं ने एकजुट होकर पुलिस प्रशासन पर सवाल उठाए।
अधिवक्ताओं का कहना था कि पट्टी कोतवाल अभिषेक सिरोही की कार्यशैली से न तो फरियादी संतुष्ट हैं और न ही अधिवक्ता। बार अध्यक्ष अनिल सिंह ने कहा कि जब तक कोतवाल का तबादला नहीं होता, अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहकर विरोध जारी रखेंगे। अधिवक्ता समाज का आईना होते हैं और उन पर दुर्व्यवहार किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने शीघ्र कार्रवाई नहीं की तो आंदोलन और उग्र रूप लेगा। उनका कहना था कि यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे अधिवक्ता समाज के सम्मान से जुड़ा हुआ है। इस दौरान बार महामंत्री प्रमोद सिंह, रमाशंकर पाठक, नंदन चतुर्वेदी, शुभम तिवारी, राकेश तिवारी, सचिन सिंह, वरुण पांडेय, मानस त्रिपाठी, आशीष, मनीष, विकास तिवारी मौजूद रहे।