Dead body on the road for compensation
- फोटो : PRATAPGARH
फसल की सुरक्षा के लिए खेत में लगाई गई बाड़ में उतारे गए करंट से छात्रा की मौत पर बवाल हो गया। मंगलवार को परिजनों ने सड़क पर शव रखकर मुआवजे और आरोपियों पर कार्रवाई की मांग की। हंगामे के चलते करीब घंटे तक यातायात बाधित रहा। सूचना पर पहुंचे भाजपा जिलाध्यक्ष व थानाध्यक्ष जेठवारा के आश्वासन दिए जाने के बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए छात्रा का शव लेकर गए।
जेठवारा थाना क्षेत्र खटवारा निवासी मुन्नालाल की बेटी खुशी पटेल (13) की रविवार की शाम खेत में पालक काटने गई थी। लौटते समय झलिहन का पुरवा खटवारा निवासी शेष नारायण, सतीश व नारायण तिवारी के आलू की खेत में लगे बाड़ की करंट की चपेट में आने से खुशी की मौत हो गई। पुलिस ने तीनों लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर सकी। प्रशासन की ओर से परिजनों को आर्थिक मदद भी नहीं मिली, जिससे आक्रोशित परिजनों ने मंगलवार की सुबह खुशी का शव बाबूगंज-डेरवा मार्ग पर रखकर जाम लगा दिया।
घटना की सूचना पर जेठवारा थानाध्यक्ष पहुंची। सभी को समझाने का प्रयास किया लेकिन परिजन दस लाख की आर्थिक मदद और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े थे। बाद में भाजपा जिलाध्यक्ष हरिओम मिश्र व जेठवारा थानाध्यक्ष ने किसी तरह परिजनों को समझाबुझाकर शांत कराया। इसके बाद लोगों ने सड़क पर रखा ड्रम व लकड़ी हटाकर शव को अंतिम संस्कार के लिए ले गए। इसके बाद आवागमन बहाल हो सका। पुलिस ने राहत की सांस ली।
बिजली विभाग ने दर्ज कराया मुकदमा
जेई शीलवंत सिंह ने नारायणदत्त तिवारी, शेषनारायण तिवारी और सतीश तिवारी पर कार्रवाई के लिए थाना पुलिस को तहरीर दी है। थानाध्यक्ष ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
करंट लगने से मृत किशोरी खुशी पटेल। फाइल फोटो- फोटो : PRATAPGARH