लालगंज के प्रभारी कोतवाल की मौजूदगी में रविवार को दो-ढाई सौ उपद्रवियों ने धावा बोलकर गाबी महुआबन बस्ती को फूंक दिया। घरों में तोड़फोड़ और जमकर लूटपाट की। डर से महिलाएं अपने बच्चों को लेकर जंगल की ओर भागने लगीं। खबर मिलने पर जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी, एसपी बलिकरन सिंह यादव भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। किसी तरह फायरब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया। गाबी महुआबन में शनिवार को बहुचरा के प्रधान संजय सिंह के बेटे सौरभ सिंह और चालक फारुख निवासी गाबी महुआबन समेत आधा दर्जन लोगों को शनिवार को फारुक के चचेरे भाई मारुफ समेत अन्य लोगों ने गोली मार दी थी। इससे सभी गंभीर रूप से घायल हो गए थे। रविवार दोपहर में गाबी में प्रभारी कोतवाल सभाजीत मिश्रा, चौकी प्रभारी लीलापुर डीएन यादव पुलिसकर्मियों के साथ गांव में मुस्तैद थे।
आरोप है कि बहुचरा से करीब ढाई सौ की संख्या में पहुंचे उपद्रवियों ने पुलिस की मौजूदगी में बस्ती को फूंक दिया। उपद्रवियों का मंसूबा भांपकर महिलाएं अपने बच्चों के साथ जंगल की ओर भाग निकलीं। हमलावरों ने घरों के बाहर रखा सामान तोड़कर चकनाचूर कर दिया। ये सब पुलिस के सामने हो रहा था। पुलिस कुछ नहीं कर पा रही थी। बवाल व आगजनी की खबर अधिकारियों को देने के बाद पुलिस फोर्स का इंतजार करने लगी। फोर्स के आने के बाद बवाली भाग निकले। इसके बाद छिपीं महिलाएं सामने आईं और आग बुझाने की कोशिश करने लगीं। इस बीच मौके पर पहुंचे फायरब्रिगेड कर्मियों ने लोगों की मदद से किसी तरह आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक आग से मोहम्मद वसीम, कयामुल्लाह, मोहम्मद समीर, करमउल्ला, मोहम्मद सहबान, मुबारकउल्ला, समीउल्ला की गृहस्थी जलकर राख हो गई थी। सबरुन निशा ने पुलिस को बताया कि उसके घर में रखे जेवरात व नकदी उपद्रव करने वाले लोग लूट ले गए। इसके अलावा दूसरे घरों में भी लूटपाट की गई है। जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी, एसपी बलिकरन सिंह यादव, सीओ लालगंज सीताराम, एसडीएम समेत दूसरे अधिकारी मौके पर पहुंचे। घटना की छानबीन के बाद अधिकारियों ने सभी को भरोसा दिलाया कि उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।