महामारी कोरोना वायरस को देखते हुए शासन के आदेश पर स्वास्थ्य विभाग जिलेभर में डोर टू डोर सर्वे करवा रहा है। गंभीर रोगियों के साथ बुखार, जुकाम, खांसी, दमा और शुगर व ब्लड प्रेशर के मरीजों को चिह्नित किया जा रहा है। इसकी जिम्मेदारी आशा बहू व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को दी गई है। एक आशा बहू ने खुद के बजाए अपने हाईस्कूल में पढ़ने वाले बेटे को सर्वे के लिए भेज दिया। इसकी जानकारी होने पर ग्रामीण हंगामा करने लगे। सूचना पर पहुंचे सुखपाल नगर पीएचसी अधीक्षक ने उन्हें शांत कराया। करनपुर मोहल्ले में आशा बहू उर्मिला खुद घर पर मौजूद रही। अपने हाईस्कूल में पढ़ने वाले बेटे व उसके चार साथियों को स्वास्थ्य परीक्षण करने के लिए भेज दिया। सीएमओ डॉक्टर एके श्रीवास्तव ने बताया कि इस मामले की जांच चल रही है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
नगर पालिका कर्मचारियों समेत 287 लोगों लिया का सैंपल
नगर पालिका कर्मचारियों समेत 287 लोगों का स्वास्थ्य विभाग ने सैंपल लेकर कोरोना जांच के लिए भेजा। गुरुवार को एक भी सैंपल की रिपोट नही आई। जिले से अब तक 8786 लोगों का सैंपल लेकर स्वास्थ्य विभाग जांच के लिए भेज चुका है। इनमें 7666 लोगों की रिपोर्ट आ गई है। 130 लोग पाजिटिव पाए गए हैं। 1120 लोगों की रिपोर्ट अभी आनी बाकी है। प्रयागराज में ज्यादा सैंपल की जांच होने के कारण अभी तक 1120 लोगों की रिपोर्ट नहीं आ पाई है। सीएमओ ने बताया कि 130 मरीजों में से 106 लोग स्वस्थ्य होकर घर जा चुके हैं। 15 लोगों का इलाज चल रहा है। इनमे सात लोग लालगंज तो तीन जिला अस्पताल, दो प्रयागराज और एक लखनऊ में भर्ती है। जिले में 13 हॉटस्पाट इलाके हैं।