प्रसूता की मौत के बाद चिकित्सक की गिरफ्तारी की मांग को लेकर लालगंज में सांगीपुर रोड पर जाम लगाये ?
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इलाज के दौरान प्रसूता की मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचा तो आक्रोशित परिजनों ने जाम लगा दिया। परिजन महिला चिकित्सक पर कार्रवाई और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग पर अड़े थे। अफसरों के मान मनौव्वल पर परिजन शव को अंतिम संस्कार के लिए ले गए।
लालगंज के पूरे नेवाज खां खानापट्टी निवासी रीता गुप्ता पत्नी नंदलाल गुप्ता को प्रसव पीड़ा के चलते परिजनों ने सोमवार को दोपहर लालगंज सीएचसी में भर्ती कराया था। यहां आपरेशन के दौरान प्रसूता ने बच्ची को जन्म दिया, लेकिन कुछ देर बाद ही प्रसूता की हालत बिगडने लगी तो उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
रास्ते में उसकी मौत होने पर परिजन रात में शव लेकर लालगंज सीएचसी लौट आए। परिजनों ने आरोप लगाया कि महिला डॉ. शिल्पी सिंह ने इलाज के बदल दस हजार रुपये की मांग की। दो हजार देने पर डॉक्टर ने आपरेशन कर दिया। बाद में इलाज में लापरवाही के चलते प्रसूता की तबियत बिगड़ने पर उसकी मौत हो गई। जानकारी पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया।
पोस्टमार्टम के बाद शव दूसरे दिन शाम को घर पहुंचा। तीसरे दिन बुधवार को सुबह दस बजे प्रसूता की मौत से नाराज परिजनों ने लालगंज-सांगीपुर मार्ग पर खानापट्टी तिराहे पर जाम लगा दिया। जानकारी पर एसडीएम, सीओ व कोतवाल मौके पर पहुंचे। अफसरों ने मान मनौव्वल शुरू की तो परिजनों ने आरोपी डॉक्टर पर केस दर्ज करने व पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दिए जाने की मांग की।
इस बीच मौके पर चेयरपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी पहुंचे और पीड़ित परिवार को सांसद प्रमोद तिवारी से वार्ता कराने के बाद बीस हजार रुपये की मौके पर ही आर्थिक सहायत प्रदान की। बाद में अफसरों व अन्य लोगों ने प्रसूता के परिजनों को समझा बुझाकर जाम समाप्त कराया। आश्वासन पर घंटे भर बाद जाम हटाकर परिजन शव को अंतिम संस्कार के लिए ले गए। इसके बाद आवागमन बहाल हुआ तो प्रशासन ने राहत की सांस ली।