पूरनपुर। गांव नौजलिया के समीप बनी एसएसबी चौकी में बाढ़ का पानी भर गया। जवानों ने आनन-फानन में अपने हथियार निकाले। कुछ एसएसबी जवान और गांव के लोगों ने चौकी के ऊपर शरण ली। साथ ही एसएसबी जवानों ने अभियान चलाकर बाढ़ में फंसे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। शारदा नदी डैम की तलहटी के गांवों में बाढ़ का पानी घुसने पर कई लोगों ने डैम की पटरी पर शरण ले रखी है।
बाढ़ से बचने के लिए शारदा नदी किनारे के गांवों में बसे लोगों ने घरों के सामान को ऊंचे स्थानों पर रखना शुरू कर दिया। आसपास के गांवों में मंगलवार अपराह्न को तीन से साढ़े तीन फुट पानी घुस गया। पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के साथ लोगों ने ऊंचे स्थानों पर शरण ली। बाढ़ से क्षेत्र के लोगों में हाहाकार मच गया। एसडीएम टीम के साथ शारदा नदी पार जबकि तहसीलदार शारदा नदी के दूसरी ओर पहुंचे। बाढ़ से कई घरों में चूल्हे नहीं जले। प्रशासन की ओर से बाढ़ पीड़ितों को खाने के पैकटों को बंटवाया गया।
गांव राहुलनगर, खिरकिया बरगदिया, कॉलौनी नंबर छह, चंदिया हजारा, राणाप्रतापनगर, नहरोसा, शास्त्रीनगर सहित अन्य गांवों में आबादी में जलभराव हो गया। राहुलनगर, कॉलोनी नंबर छह में घरों में तीन से साढ़े तीन फुट पानी भरने से लोग घरों को छोड़कर ऊंचे स्थानों पर शरण लेने लगे। बाढ़ को लेकर सैकड़ों घरों में चूल्हे नहीं जले। शारदा नदी के पार राणा प्रतापनगर को जाने वाला पक्का रोड कटने से आवागमन बंद हो गया।
शाम तक नहीं पहुंचे अधिकारी
राहुलनगर, कॉलोनी नंबर छह में मंगलवार शाम पांच बजे तक किसी कर्मचारी, अधिकारी के न पहुंचने पर लोगों में रोष देखा गया। एसडीएम रामस्वरूप टीम के साथ शारदा नदी पार के गांव में पहुंचे। तहसीलदार अशोक कुमार गुप्ता टीम को लेकर गांव चंदिया हजारा पहुंचे। चंदिया हजारा के पंचायत घर में बाढ़ पीड़ितों के लिए खाने के पैकेट तैयार कराए गए। मगर शाम पांच बजे तक पीड़ितों तक खाना के पैकेट नहीं पहुंचे थे। तहसीलदार अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि पीड़ितों को खाने के पैकेट बंटवाए गए है।
बाढ़ में फंसे दो दर्जन से अधिक लोगों को निकाला
शारदा नदी पार गांव सिद्धनगर के चार लोग, गांव नहरोसा के पांच लोग बाढ़ के चलते गांवों से दूर फंस गए। इसके अलावा खेतों की रखवाली करने वाले कई मजदूर कलीनगर तहसील क्षेत्र में गांव सिमरा के समीप फंस गए। सिमरा के समीप फंसे लोगों को एकत्र हुए लोगों ने ट्रैक्टर ट्रॉलियों के ट्यूबों में हवा भरकर उनकी सहायता से बाढ़ से निकाला। एसएचओ हजारा हरीशवर्धन सिंह ने बताया कि सिद्धनगर और नहरोसा के फंसे लोगों को सुरक्षित निकलवा लिया गया।
बाढ़ के पानी में घुसने से कतराते रहे अफसर
बाढ़ प्रभावित अधिकांश गांवों में शाम तक अफसरों और कर्मचारियों के न पहुंचने को लेकर लोगों में रोष देखा गया। भेजे गए अफसर, कर्मचारी दूर से ही स्थिति देखते रहे।
नेकी की दीवार के सदस्य सहायता में जुटे
पूरनपुर में नेकी की दीवार संस्था के संस्थापक गुरमेल सिंह टीम के साथ मंगलवार को कलीनगर तहसील क्षेत्र में बाढ़ प्रभावित गांवों में फंसे लोगों को निकालने को एसएसबी जवानों के साथ जुटे रहे।