पूरनपुर। शारदा नदी पार गांव नहरोसा के समीप रविवार सुबह कुछ लोगों ने बाघ को घूमते देखा। बाघ की चहलकदमी से गांव और आसपास के लोग दहशत में है।
गांव नहरोसा के समीप कई दिन से बाघ चहलकदमी कर रहा है। बाघ ने एक अक्तूबर को गांव के समीप एक छुट्टा पशु को मार डाला था। दो अक्तूबर को गांव के समीप ही गन्ने के खेत किनारे घास काटने गए गांव नहरोसा निवासी इसरार शाह को हमला कर लहूलुहान कर दिया था।
इसरार शाह को संपूर्णानगर के बाद पलिया के लिए इलाज को ले जाया गया। बाघ की चहलकदमी को लेकर उसकी निगरानी के लिए वन विभाग की टीम को लगाया गया। रविवार को बाघ गांव नहरोसा के समीप पहुंच गया। कुछ लोगों ने बाघ को गांव के समीप घूमते देखा। इसकी जानकारी अन्य गांव के लोगों को दी।
बाघ की चहलकदमी न रुकने से गांव और आसपास के लोग दहशत में है। संपूर्णानगर रेंजर अनिल कुमार ने बताया कि बाघ शिकार के बाद दोबारा घूमकर उस स्थान पर फिर पहुंचता है। बाघ ने एक अक्तूबर को जिस स्थान पर छुट्टा पशु को मारा था। उस स्थान पर उसके पहुंचने की जानकारी हुई है। टीम निगरानी को लगी है।
आसपास के लोगों को बाघ की चहलकदमी के चलते अकेले खेतों में न जाने, सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।