न्यायालय ने लगाया 15 हजार रुपये का जुर्माना
पीलीभीत। नाबालिग को गलत नीयत से पकड़ने का दोष सिद्ध होने पर न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश/ विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर ने अभियुक्त को तीन वर्ष कारावास की सजा की सुनाई है। 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
थाना बिलसंडा क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने बिलसंडा पुलिस को तहरीर देकर बताया कि 24 जुलाई 2017 की दोपहर करीब दो बजे उसकी 17 वर्षीय बहन अपने घर के पीछे लगे ट्यूबवेल पर कपड़े धो रही थी। तभी मोहम्मदपुर गांव के जंगल में झाला पर निवास करने वाला विक्रमजीत सिंह वहां आ गया। आरोपी ने उसकी बहन को गलत नीयत से पकड़ लिया। उसके शोर मचाने पर घर से बड़ी बहन वहां पहुंच गई। तब तक आरोपी वहां से भाग गया। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर बाद विवेचना आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट गीता सिंह ने प्रकरण की सुनवाई की। विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो कोर्ट अनिल कुमार शर्मा ने पीड़िता का पक्ष रखा। अदालत ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने व पत्रावली का अवलोकन करने के बाद आरोपी को दोषी पाते हुए सजा सुनाई। संवाद