गोमती उद्गम स्थल को पर्यटक स्थल बनाने की कवायद शुरू हुई है। पर्यटन विभाग के निर्देश पर तीन करोड़ की कार्ययोजना तैयार की जा रही है। इस कार्ययोजना पर जिला योजना से धनराशि खर्च की जाएगी। अमर उजाला ने कुछ दिन पूर्व ही गोमती के सौंदर्यीकरण को तीनों तालाबों को एक कर नौकायन का सुझाव दिया था। इस सुझाव को भी प्रस्ताव में शामिल किया गया है।
गोमती नदी में अविरल धारा बहाने के साथ ही इसे पर्यटक स्थल बनाने के प्रयास भी शुरू हुए थे। इसके लिए डीएम डॉ. अखिलेश कुमार मिश्र ने पर्यटन विभाग को पत्र लिखा था। डीएम के पत्र पर सहमति जताते हुए पर्यटन विभाग ने इसकी कार्य योजना तैयार कर करने के निर्देश दिए थे। पर्यटन विभाग का पत्र मिलने के बाद सीडीओ डॉ. दिनेश कुमार सिंह ने सिंचाई विभाग के अभियंताओं के माध्यम से इसका प्रोजेक्ट तैयार कराना शुरू किया है। गोमती उद्गम स्थल को पर्यटक स्थल बनाने के लिए तीन करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके लिए जिला योजना से धनराशि जारी की जाएगी। सीडीओ ने बताया कि गोमती तट के चारों ओर पक्का फुटपाथ बनाने के साथ नदी की ओर रेलिंग लगाने, तालाबों के बीच बने पुलों को हटाकर एक बड़ा तालाब बनाकर बीच में बिना पिलर (ऑर्कशेप) का एक पुल बनाने और तालाब में नौकायन कराने सहित कई प्रस्ताव रखे गए हैं। उन्होंने बताया कि कार्य योजना तैयार होने के बाद उसे जिला योजना की बैठक में रखकर पास कराया जाएगा। जिला योजना में धनराशि मिलने पर पर्यटक स्थल विकसित करने को काम कराए जाएंगे।