फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जन शिकायत अधिकारियों की एसपी ने लगाई पाठशाला

Fri, 12 May 2017 11:15 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो पीलीभीत।
विज्ञापन
एसपी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
थाना और सर्किल प्रभारियों को पर्ची देकर बताया काम करने का तरीका      
विज्ञापन

शुक्रवार से शुरू हुआ एसपी का पीलीभीत पर्ची सिस्टम
फरियादियों की शिकायतों के समाधान के लिए पुलिस महकमा की ओर से पीलीभीत पर्ची सिस्टम शुक्रवार से शुरू कर दिया। अपराध समीक्षा के दौरान एसपी ने थानाध्यक्ष, सीओ और बनाए गए समस्त थानों के जन शिकायत अधिकारियों की पाठशाला आयोजित कर पर्ची सिस्टम की जानकारी दी। साथ ही लापरवाही मिलने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।
शुक्रवार सुबह साप्ताहिक परेड के बाद पुलिस लाइन स्थित सभागार कक्ष में एसपी देवरंजन वर्मा ने जिले के समस्त थानाध्यक्ष, सर्किल प्रभारियों संग अपराध समीक्षा बैठक की। जिसमें अपराधियों पर शिकंजा कसने के निर्देश दिए गए। लंबित प्रकरणों के खुलासे न होने पर नाराजगी व्यस्त की। सभी शिकायतों के निस्तारण के लिए शुरू किए जा रही पीलीभीत पर्ची सिस्टम की जानकारी देते हुए सभी को पर्ची मुहैया कराई गई। थानों में बनाए गए महिला पुलिसकर्मी समेत दो जन शिकायत अधिकारियों को काम करने का तरीका बताया। उन्होंने बताया कि इसके लिए थाना स्तर पर बने एक कक्ष में वह रहेंगी। शिकायत लेकर आए फरियादी को पानी-गुड़ के साथ स्वागत किया जाएगा। उसकी शिकायत को सुनने के बाद रिसीविंग के तौर पर पीली पर्ची दी जाएगी। अगर कोई गंभीर मामला आता है, तो तत्काल थानाध्यक्ष से मिलवाया जाएगा। यही नहीं थाने पहुंचने वालों को किससे मिलना है और उनकी समस्या का समाधान कहां से होगा। इसकी जानकारी भी देंगी। उनकी ड्यूटी दस घंटे की होगी। इस दौरान उनको किसी अन्य कार्य में नहीं लगाया जाएगा। शिकायत की जांच चौकी-हल्का प्रभारी से नीचे स्तर के पुलिसकर्मी को नहीं दी जाएगी। तीन दिन में अगर शिकायत हल नहीं हुई तो पीली पर्ची के साथ फरियादी सीओ से मिलेंगे। यहां उनको हरी पर्ची दी जाएगी। इसके तीन दिन बाद भी काम न होने पर एएसपी और एसपी से आकर मिलें। पीली-हरी दोनों पर्ची दिखाने पर सफेद पर्ची मिलेगी। इस दौरान न सिर्फ शिकायत का निस्तारण होगा, बल्कि अफसरों की ओर से अब तक किए गए प्रयास को भी चेक किया जाएगा। आईजी, डीआईजी के पास पहुंचने वाले फरियादी के आरोप की सत्यता का आंकलन भी उसके पास होने वाली पर्ची से लगाया जाएगा। उन्होंने मातहतों से गंभीरता से योजना को सफल बनाने को कार्य करने की बात कही। यह भी कहा कि अगर कोई फरियादी से अभद्रता या फिर रुपये मांगता मिला तो कार्रवाई तय है। इस मौके पर एएसपी डा. रामसुरेश यादव, सीओ सिटी अनुराग दर्शन, सीओ सदर निशांक शर्मा, सीओ बीसलपुर हरीश भदौरिया, सीओ पूरनपुर बीपी सिंह, एफएसओ ब्रहमानंद दुबे, अंडर ट्रेनिंग सीओ योगेंद्र कृष्ण नरायन, एसएचओ सुनगढ़ी हरगोविंद सिंह, एसओ अमरिया चंद्र प्रकाश शुक्ला, कोतवाल देशपाल सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन


थाना समाधान दिवस भी होगा बेहतर       
जमीन से जुड़े मामलों को निपटाने के लिए अफसरों का मानना है कि थाना समाधान दिवस से बेहतर दिन नहीं होगा। राजस्व टीम की मौजूदगी होने पर निस्तारण आसानी से किया जा सकता है, लेकिन पुलिस-राजस्व टीम के पहुंचने के बाद भी फरियादी नहीं आ पा रहे है। इसके समाधान के लिए भी नोटिस सिस्टम शुरू कर दिया है। थाना स्तर से लेकर अफसरों के पास आने वाली जमीन संबंधी शिकायतों में अब पुलिस दोनों पक्षों को एक नोटिस तामील कराएगी। इसमें सुनवाई के लिए थाना समाधान दिवस की एक तिथि दी जाएगी। जिसमें दोनों पक्षों का पहुंचना जरूरी होगा। ऐसे में समाधान दिवस सूचना नहीं रहेगा और जमीन संबंधी मामलों का निपटारा किया जा सकेगा। अफसरों के कार्यालय और थानों में नोटिस दे दिए गए है।       
विज्ञापन


न्याय पाने को सीधे आना होगा आगे
फरियादी की समस्या का शत प्रतिशत निस्तारण कराने के लिए योजना की शुरूआत की गई है। इसकी मॉनीटिरिंग प्रतिदिन की जाएगी। लापरवाही मिलने पर तत्काल कार्रवाई होगी। फरियादी को न्याय के लिए सीधे पुलिस के पास आना होगा, न कि सिफारिश के साथ। उन्हीं शिकायत पत्र को प्राथमिकता दी जाएगी, जिसमें पीड़ित और पुलिस का सीधा संपर्क होगा।       
देवरंजन वर्मा, एसपी
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें