पीलीभीत। जिले के करीब 26 हजार लाभार्थियों की किसान सम्मान निधि अटक गई है। केंद्र से आई सूची के मुताबिक इन लाभार्थियों में मृतक, सम्मान निधि लेने वाले पति-पत्नी और नाबालिग बच्चे शामिल हैं। साथ ही विरासत दर्ज होने के बाद जमीन के मालिक बने किसानों से पूर्व किसान का मृत्यु प्रमाण पत्र मांगा गया है। सूची आने के बाद विभाग सक्रिय हुआ है। लाभार्थियों का सत्यापन कराया जा रहा है।
केंद्र सरकार की ओर से जिन लाभार्थियों की किसान सम्मान निधि रोकी गई है। उनमें पति-पत्नी दोनों की ओर से सम्मान निधि लिए जाने के मामले अधिक बताए जा रहे हैं। इसके अलावा नाबालिग लाभार्थियों के मामले भी सामने आए है। सूची आने के बाद विभाग ने इसका सत्यापन शुरू कराया है। उधर, सम्मान निधि रुकने के बाद से आईजीआरएस की संख्या भी बढ़ गई है।