क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि कई बार क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों और अफसरों को समस्या के बारे में बताया गया, लेकिन अभी तक मरम्मत कार्य शुरू नहीं हो सका है। अधिशासी अभियंता राजेश चौधरी ने बताया कि सड़क को लेकर जानकारी की जाएगी। इसके बाद आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
उत्तराखंड की सीमा में सुधर गई सड़क
लोकसभा चुनाव के दौरान उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी तराई क्षेत्र के दौरे पर आए थे। इस दौरान क्षेत्रीय लोगों ने उनके समक्ष सड़क की मरम्मत कराने की मांग रखी थी। सीएम ने समस्या को गंभीरता से लेकर अफसरों को निर्देश दिए। कुछ दिन बाद से उत्तराखंड की सीमा में मार्ग की दुर्दशा ठीक कर दी गई, लेकिन जनपद सीमा में अभी तक कोई सुधार नहीं हो सका।
इन गांवों के लोग करते हैं मार्ग से आवागमन
उत्तराखंड जाने के लिए मार्ग से पुरैना, सेल्हा, धुरिया पलिया, रमनगरा, कंजिया सिंहपुर, गभिया सहराई, महाराजपुर, नौजल्हा, बंदरभोज, बूंदीभूड़ आदि गांव के लोगों का आवागमन होता है। मार्ग की हालत खराब होने से लोग परेशान हैं। जैसे तैसे मार्ग से गुजर रहे हैं।
रमनगरा के प्रशांत साना ने कहा कि उत्तराखंड को जोड़ने वाला मार्ग लंबे समय से जर्जर है। गहरे गड्ढे होने से आवागमन करना मुश्किल हो गया है। नेताओं और अफसरों से शिकायत के बाद भी कोई सुधार नहीं कराया जा रहा है।
गांव पुरैना के हर्षित सरकार ने कहा कि तराई के लोग उत्तराखंड जाने के लिए इस मार्ग का ही इस्तेमाल करते हैं। लंबे समय से मार्ग जर्जर होने से दिक्कतें बढ़ गई हैं। मार्ग के निर्माण को लेकर मांग की जा रही है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही।