पीलीभीत। रक्षाबंधन को लेकर बाजार सजने लगा है। दुकानों पर महिलाओं और बच्चों की पसंद की राखी विशेष कर लगाई जा रही हैं। इस बार चीन निर्मित राखियां नजर नहीं आ रही हैं, स्वदेशी राखियों की भरमार है। बच्चों को लूडो, पबजी, लड्डू गोपाल, श्रीकृष्ण, भागवान शिव, महाकाल की राखी लुभाएंगी। बाजार में ग्राहक उमड़ने लगे हैं। वहीं, कोरोना काल के दो साल बाद दुकानदार भी अच्छे कारोबार की उम्मीद लगाए बैठे हैं।
भाई-बहन के प्यार का प्रतीक रक्षाबंधन त्योहार 11 अगस्त को मनाया जाएगा। पिछले दो सालों से कोरोना के कारण दुकानदार भी परेशान थे। इस बार बाजार में अभी से रंगबिरंगी राखियां सजने लगी हैं। शहर में 200 से अधिक दुकानें लगाई जाती हैं। जिले की बात करें, तो करीब एक हजार से अधिक दुकानदार राखियों की दुकान लगाते है। कारोबारी स्वतंत्र देवल ने बताया कि पिछले दो साल से दुकानदार आर्थिक तंगी से गुजर रहे हैं। इसीलिए बाजार काफी बेहतर तो नहीं रहेगा, मगर इस बार ठीक-ठाक कारोबार होने की उम्मीद है। हालांकि वर्ष 2019 जैसा कारोबार होने की कम ही उम्मीद है।
राखी बाजार पर स्वेदशी का जादू
बाजार में स्वदेशी राखी की धूम मची हुई है। कोलकाता, मुंबई समेत अन्य महानगरों में तैयार की गई राखियों की खासी डिमांड है। स्वास्तिक निशान, गणेश जी की आकृति वाली राखियां पसंद की जा रही हैं। वहीं ओम, रेशम के धागे, भगवान के चित्र वाली कई तरह की राखियां बाजार में हैं।
स्टोन व कुंदन राखियां की डिमांड
बाजार में स्टोन व कुंदन वाली राखियां महिलाओं के लिए खूब पसंद आएंगी। इसमें फैंसी लुंबा, फैंसी कड़ा राखियों से बाजार में दुकानों पर खासा क्रेज है। दुकानदानों के मुताबिक महिलाओं को यह राखियां काफी पसंद आतीं हैं। चायनीज राखियां नाममात्र को नजर आ रही हैं। मगर उनकी जगह स्टोन व कुंदन से ने बना ली है। चायनीज राखिया इस बार बाजार में काफी कम नजर आ रही हैं।
बच्चों में कार्टून कैरेक्टर का क्रेज बरकरार
बच्चों के लिए श्रीकृष्ण, बैटेन, लड्डू गोपाल, पपजी और लूडो राखी विशेषकर बाजार में आई है। पिछले कुछ सालों की तरह इस बार भी छोटा भीम, बेनटेन, कृष्णा जैसे कार्टून कैरेक्टर वाली राखियां बिक रही हैं। लाइट वाली राखियां बच्चों की पहली पसंद बनी हुई हैं। स्टार व वॉच डिजायन वाली राखियां के अलावा डोरेमान वाली लाइटिंग राखी बच्चों के बीच खासा आर्कषण का केंद्र बनी हुई हैं।
राखियों के दाम
बच्चों की राखियां 15 से 180 रुपये तक
पारंपरिक राखियां 15 से 50 रुपये तक
स्टोन ब्रेसलेट 50 से 550 रुपये तक
कुंदन वाली 75 से 175 रुपये तक
हैंडमेड कोलकाता ब्रांड 20 रुपये से 150 रुपये तक