60 दिन में आपत्ति का समय, समिति करेगी जांच
इको सेंसेटिव जोन की अधिसूचना जारी होने के बाद दावे और आपत्तियों के लिए 60 दिन का समय दिया गया है। इसके लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में समिति गठन की बात कही जा रही है। इको सेंसेटिव जोन की अधिसूचना में निहित प्रस्तावों पर कोई आपत्ति या सुझाव के लिए 60 दिन में लिखित रूप से अपना पक्ष रखा जा सकता है।
इको सेंसेटिव जोन के दायरे में 230 गांव
इको सेंसेटिव जोन के निर्धारण के बाद जंगल सीमा से सटे 230 गांव दायरे में आए हैं। इसमें कुछ गांव शाहजहांपुर जिले के भी शामिल हैं।
जोन में बने ढांचों की रिपोर्ट तलब
पीलीभीत टाइगर रिजर्व में इको सेंसेटिव जोन के दो किलोमीटर का दायरा तय होने के बाद प्रशासन ने बने और अधबने सभी ढांचों की रिपोर्ट तलब की है। इसके तहत पीटीआर की सभी पांच रेंज के रेंजरों को अपने-अपने क्षेत्र में सर्वे कर वास्तविक लोकेशन सहित रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि सत्यापन के बाद उच्च अधिकारियों से आगे की कार्रवाई के लिए मार्गदर्शन लिया जा सके। इको सेंसेटिव जोन क्षेत्र में यह आंकलन किया जा रहा है कि नियमों का उल्लंघन कर कहीं अनाधिकृत निर्माण तो नहीं किया जा रहा था। डीएफओ मनीष सिंह ने बताया कि अधूरे और रुके हुए सभी ढांचों की रिपोर्ट मांगी गई है।