शारदा नदी की बाढ़ की चपेट में आए पूरनपुर और कलीनगर क्षेत्र के करीब 40 गांवों में पानी उतरने से हालात कुछ पटरी पर आने लगे हैं। लोग घरों की स्थिति को सुधारने में जुटे हैं। यहां खाने पीने की किल्लत अधिक बताई जा रही है। लोगों का कहना है कि प्रशासन की मदद सभी तक नहीं पहुंच पा रही है।
पूरनपुर तहसील क्षेत्र के ट्रांस शारदा इलाके में हालात कुछ सामान्य होने लगे हैं। सीमावर्ती गांव बेल्हा, बाजार घाट में अभी भी तीन से चार फीट पानी बना होने से लोग परेशान हैं। चंदिया हजारा स्थिति अब सामान्य बताई जा रही है। बुधवार को सीएम योगी आदित्यनाथ ने चंदिया हजारा क्षेत्र का दौरान कर बाढ़ की स्थिति को परखा और बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री वितरित की।
पूरनपुर के बाढ़ प्रभावित इलाके में पहुंचे सीएम
बाढ़ की चपेट में आए पीलीभीत जिले की स्थिति को परखने के लिए बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पूरनपुर के चंदिया हजारा क्षेत्र में पहुंचे। वहां पहुंचने से पहले मुख्यमंत्री ने शहर का भी हवाई सर्वेक्षण किया। खकरा और देवहा नदी के क्षेत्र में हेलीकाप्टर घूमा। इसके बाद उनका हेलीकाप्टर पूरनपुर क्षेत्र के लिए निकल गया।
दुकानों खोलकर सामान सुखाते दिखे दुकानदार
बाढ़ ग्रस्त इलाके में पानी कम होने के बाद बुधवार को लोग घरों से बाहर निकले। अपने व्यापार की स्थिति को परखा। दुकानों को खोलकर भीगे सामान को सुखाने का प्रयास शुरू किया गया। शहर और उसे सटे चंदोई गांव में लोग दुकानों के बाहर सामान फैलाएं नजर आए।
आफीसर कॉलोनी में नहीं सुधरे हालात, पंप से निकाला गया पानी
आफीसर कॉलोनी में बाढ़ का पानी बुधवार को कुछ कम हुआ। लेकिन हालात जस के तस बने रहे। यहां जिला पूर्ति अधिकारी, बीएसए की कार पानी में आधी डूब गई। घर के अंदर का सामान भी डूबकर खराब हो गया। बुधवार को पानी को कम करने के लिए पंप से पानी को निकलने का प्रयास किया गया।
इधर विकास भवन में भी पानी भरा रह। यहां पर भी कोई काम नहीं हो सका। कर्मियों को पहुंचने के लिए काफी परेशानी उठानी पड़ी। कलक्ट्रेट तिराहा से ही विकास भवन तक काफी पानी भरा था। पानी भरने से बीते तीन दिनों से विकास भवन का काम प्रभावित पड़ा हुआ है।