जिले के दो कद्दावर नेताओं के बीच छिड़ी आपसी जंग में शहर कोतवाल अतुल प्रधान को अपनी कुर्सी गंवानी पड़ी। एसपी ने उन्हें हटाकर क्राइम ब्रांच का प्रभारी बनाया है। क्राइम ब्रांच प्रभारी संग्राम सिंह को शहर कोतवाल के पद पर तैनाती दी है। अचानक देर रात किए गए तबादला चर्चा में रहा।
सूत्रों के मुताबिक हाल ही में जिले के एक इंस्पेक्टर का तबादला गोरखपुर जोन हो गया था। उस क्षेत्र के सत्ता पक्ष के कद्दावर नेता को जब यह जानकारी हुई कि जिले के एक कद्दावर नेता के इशारे पर उनके क्षेत्र के इंस्पेक्टर का तबादला बाहरी जोन हो गया तो वह इसे अपनी प्रतिष्ठा से जोड़कर देखने लगे। बताते हैं कि शहर कोतवाल अतुल प्रधान दूसरे कद्दावर नेता के काफी करीबी माने जाते थे। इस पर क्षेत्रीय कद्दावर नेता ने शहर कोतवाल को हटाने की मुहिम छेड़ दी। इसकी जानकारी जब शहर कोतवाल को हुई तो उन्होंने इसकी जानकारी सूबे के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को दी और राजनीतिक दबाव में हटाए जाने की आशंका जाहिर की थी। शनिवार की रात करीब 11 बजे एसपी ने उन्हें शहर कोतवाल पद से हटा दिया। लोग उनके तबादले को दोनों कद्दावर नेताओं की आपसी लड़ाई से जोड़कर देख रहे हैं। अचानक तबादले से थानेदार से लेकर सिपाही भी हैरत में हैं। थानों में तबादले की चर्चा रविवार को आम रही। नवागत शहर कोतवाल संग्राम सिंह ने कार्यभार ग्रहण कर लिया।
शहर में गुंडागर्दी बढ़ रही थी। शहर कोतवाल उस पर अंकुश नहीं लगा पा रहे थे। इसलिए उनको जनहित में हटाया गया है। राजनीतिक दबाव में मैं किसी को नहीं हटाता हूं।
जेके शाही, एसपी
तीन थानेदारों की जा सकती है कुर्सी
पीलीभीत। जिले की बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर एसपी काफी सख्त दिखे। उन्होंने रविवार की देर रात कर तीन-चार थानेदारों को भी हटाने के संकेत दिए। एसपी जेके शाही ने बताया कि थानेदारों को सुधार के लिए काफी समय दिया गया, लेकिन कुछ थानेदार ऐसे हैं, जिनमें कोई सुधार नहीं आया। जनहित में काम न करने वाले और कानून व्यवस्था बनाने में रुचि न लेने वाले थानेदारों को हटाया जाएगा। उन्होंने रविवार की रात तीन-चार थानेदार हटाए जाने के संकेत भी दिए।