पीलीभीत। कागजों पर दौड़तीं जिले की स्वास्थ्य सेवाएं मरीजों का दर्द बढ़ा रही हैं। जांच और इलाज के नाम पर मरीज सीएचसी-पीएचसी के चक्कर काट रहे हैं। बोर्ड पर जांचों के नाम तो लिखे रहते हैं लेकिन मरीजों को निजी पैथोलॉजी की दौड़ लगानी पड़ती है। शुक्रवार को शहर की नगरीय पीएचसी पुराना अस्पताल, ललौरीखेड़ा पीएचसी और सीएचसी जहानाबाद में जांच की सुविधाएं कागजों पर ही दौड़ती मिलीं।
दोेपहर 12:30 बजे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ललौरीखेड़ा में करीब 17 किमी दूर गांव से प्रेग्नेंसी और हीमोग्लाेबीन की जांच कराने पति रोहित कुमार के साथ पहुंची महिला को पहलेे तो स्वास्थ्य कर्मियों ने इधर-उधर दौड़ाया। रोहित कुमार ने बताया कि किट न होने की बात कहकर तीन अक्तूबर को आने को कहा है। उसे परामर्श भी नहीं दिया गया। महिला चिकित्सक डॉ. मंजू शुक्ला और अन्य कर्मचारियों ने बताया कि हीमोग्लोबीन किट नहीं है। किट कितने दिन से नहीं है, यह जानकारी नहीं दी। पीएचसी में सीबीसी और कई अन्य जांचें नहीं हो रही हैं। चिकित्सक डॉ. हिमेंद्र ने दोपहर तक 70 मरीज देखे थे। दवा वितरण की जिम्मेदारी पैरामेडिकल स्कूलों के छात्रों ने संभाल रखी थी।
पट्टी न मिलने पर नाराज हुए घायल युवक
पीएचसी में कई मरीज आधी-अधूरी दवा मिलने से असंतुष्ट नजर आए। इलाज के बाद पट्टी लेने पहुंचे घायल युवक काफी देर बाद सिर्फ एक पट्टी मिलने से नाराज हो गए। विरोध जताने पर उन्हें दोबारा पट्टी दी गई। अस्पताल परिसर में कई अन्य अव्यवस्थाएं भी नजर आईं।
चोट लगने पर पट्टी कराने आए थे। मगर छोटी पट्टी दे दी। दवा देने में भी आनाकानी कर रहे हैं। अब दोबारा बुलाया है।- साहिल
पुराना अस्पताल पीएचसी में स्टाफ नर्स कर रहीं जांचें
पीलीभीत। शहर के पुराना अस्पताल पीएचसी में लैब टेक्नीशियन की मूल तैनाती लंबे समय से नहीं है। इस वजह से मरीजों को जांच की सुविधा नहीं मिल पाती। शुक्रवार को स्टाफ नर्स राधा एलटी की जगह पर मरीजों की जांच करती दिखी। हालांकि जांच टेक्नीशियन को ही करनी चाहिए। फार्मासिस्ट के अवकाश पर होने के चलते पीएचसी सहायक ने मरीजों को दवाएं बांटीं।
अभी-तभी में निकल गया समय, मरीजों की नहीं हो सकी जांच
जहानाबाद। जांच कराने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जहानाबाद पहुंचे मरीजों को मायूस होकर लौटना पड़ा। लैब टेक्नीशियन के न आने से कोई जांच नहीं हो सकी। डॉ. सौरभ गंगवार ने बताया कि टेक्नीशियन तुला राम मिश्रा ट्रेनिंग पर गए हैं। फोन पर तुलाराम मिश्रा ने बताया कि जरूरी कार्य से पीलीभीत जा रहे हैं। दो घंटे में वापस आएंगे। बताया कि लीवर और किडनी को छोड़कर खून की समस्त जांचें हो जाती हैं। जांच से संबंधित सामग्री पर्याप्त मात्रा में है। टेक्नीशियन के न आने से शुक्रवार को मरीजों की जांच नहीं हो सकी।
हिमोग्लोबीन और प्रेग्नेंसी किटें सभी पीएचसी पर उपलब्ध कराई गई हैं। अगर कहीं खत्म हो गई हैं तो इसमें फार्मासिस्ट की लापरवाही है। जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। अस्पताल में मरीजों की नियमित जांच होनी चाहिए।
- डाॅ. आलोक कुमार शर्मा, सीएमओ
साहिल