टनकपुर हाइवे पर स्थित एक अस्पताल में तीन दिन से भर्ती थाना माधोटांडा के गांव पिपरिया संतोष निवासी साढ़े तीन वर्षीय विवेक राठौर की मौत हो गई। बच्चे की मौत के बाद घर वाले डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाया और हंगामा करने लगे। सूचना पर पहुंची सुनगढ़ी पुलिस ने घर वालों को शांत कराया। देर शाम तक मामले की तहरीर पुलिस को नहीं दी गई है।
गांव पिपरिया निवासी रामप्रकाश राठौर ने बताया कि पुत्र का अचानक काफी पेट फूल जाता था। 18 सितंबर के उन्होंने टनकपुर हाइवे पर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। जहां उसकी हालत में काफी सुधार हो गया। रविवार को उसकी फिर तबियत बिगड़ गई। जब वह डॉक्टर के पास गए। पुत्र की हालत बिगड़ने की जानकारी दी, लेकिन डॉक्टर बच्चे के पास काफी देर बाद पहुंचे। इससे पहले उनके पुत्र की मौत हो गई। जिससे गुस्साए घर वालों ने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर दरोगा राहुल पुंडीर, सिपाही कौशिक के साथ मौके पर पहुंचे और घर वालों को समझा बुझाकर शांत कराया। दरोगा राहुल पुंडीर ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच समझौता वार्ता हो रही थी। मामले की तहरीर पुलिस को देर शाम तक नहीं मिली है।