पीलीभीत। सुबह और शाम को अब बदलते मौसम का अहसास होने लगा है। लोगों को ठंड भी महसूस हो रही है। वहीं, इस मौसम ने लोगों की सेहत पर असर डालना शुरू कर दिया है। जिससे सर्द जुकाम के साथ गले में जकड़न की भी ज्यादातर मरीजों में समस्या देखी जा रही है। लोगो को सांस लेने में भी दिक्कत हो रही है।
बदलता मौसम अपने साथ बीमारियां भी लाता है। दीपावली के बाद से मौसम पूरी तरह से बदलने की संभावना है। इसकी शुरुआत अभी से हो गई है। सुबह और शाम को मौसम ठंडा हो रहा है। शुक्रवार को मौसम से प्रभावित सैकड़ों मरीज जिला अस्पताल में देखने को मिले। इनमें जुकाम, सरदर्द व गले में खराश की समस्या ज्यादातर देखी गई। सुबह आठ बजे से ही अस्पताल के परामर्श केंद्र के बाहर परामर्श के लिए कतार देखी गई। कक्ष संख्या 12,13 में ज्यादातर मरीज मौसम की समस्याएं लेकर ही पहुंचे। जिला अस्पताल अधीक्षक व वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. रमाकांत सागर ने बताया कि इन दिनों काफी सावधानी बरतने की जरूरत है। गले में जकड़न, जुकाम से निजात के लिए नियमित एक से दो गिलास सुबह खाली पेट गर्म पानी पीएं। खट्टा, चावल, दही को दोपहर के भोजन, सलाद दोपहर के भोजन में खाएं। आइस्क्रीम, ठंडा पानी, कोल्ड ड्रिंक आदि के सेवन से बचें। जरूरत पर सीधे चिकित्सक से परामर्श लें।
पटाखे से जलने वालों के लिए बर्न वार्ड तैयार
जिला अस्पताल की ओर सेपटाखे आदि से जलने वाले लोगों के उपचार के लिए तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं। बर्न वार्ड में आठ बेड के साथ मच्छरदानी, वार्ड में सफाई व्यवस्था, पंखे, बेड पर चादर, जले पर लगाने वाले टयूब, आई ड्राॅप आदि की व्यवस्था की जा चुकी है। वार्ड में उचित स्टाफ की ड्यूटी भी लगाई है। जिला अस्पताल अधीक्षक ने बताया कि स्वास्थ्य कार्यालय के आदेश पर बर्न वार्ड तैयार किया गया है। जैसे ही कोई मरीज पटाखे आदि से जलकर जिला अस्पताल पहुंचाता हो उसका तुरंत उपचार शुरू किया जा सकेगा।
तीन दिन से लगातार ठंड लगकर बुखार आ रहा है। चिकित्सक ने दवाओं के साथ सावधानियां बरतने को बोला है। - जयजय राम
लगातार जुकाम की समस्या सुबह से बनी रहती है। इन दिनों समस्या बढ़ जाती है। दवा ले ली है। - तेज प्रताप