पीलीभीत। जिला अस्पताल के डॉक्टर सरकारी पर्चे पर मरीजों को बाहर की दवाएं लिख रहे हैं, जबकि स्वास्थ्य मंत्री व डिप्टी सीएम बृजेश पाठक अफसरों को साफ निर्देश दे चुके हैं कि बाहर की दवाएं मरीजों को नहीं लिखी जाएंगी, लेकिन कमीशन के चक्कर में मरीजों को बाहर की दवाएं खूब लिखी जा रही हैं। सीएमएस की सख्ती भी चिकित्सक नजरअंदाज कर रहे हैं।
जिला अस्पताल के सभी चिकित्सकों की ओपीडी में मेडिकल कॉर्पोरेशन व अस्पताल की डिस्पेंसरी की ओर से जारी सूची के अनुसार, मरीजों को दवाएं देने के निर्देश दिए गए हैं। सभी को लगभग 200 दवाओं की सूची भी उपलब्ध कराई है। इसके बावजूद जिला अस्पताल के मेडिसिन से लेकर सर्जरी विभाग के चिकित्सकों की साठगांठ की चेन टूटने का नाम नहीं ले रही है।
मंगलवार को जिला अस्पताल के अंदर से मरीजों को लिखे जा रहे पर्चे की पड़ताल में देखा गया कि चिकित्सक ओपीडी कक्ष से मरीज के परामर्श पर्चे पर, जो दवाएं लिख रहे हैं, वो अस्पताल में मिल ही नहीं रही हैं। जबकि चिकित्सक बाहर के मेडिकल स्टोर से दवाएं खरीदने के लिए पहले लिख रहे, फिर पेन चला रहे हैं। मेडिकल कक्ष से कर्मचारी दवा नहीं है कि बात कहकर मरीज को लौटा दे रहे हैं। ऐसे में मरीज जिला अस्पताल गेट के बाहरी दो से तीन मेडिकल स्टोर से दवाएं खरीदने को लेकर मजबूर हैं। इससे मरीजों की जेब पर दवाएं खरीदने का बोझ बढ़ गया है। संवाद
सीएमएस की सख्ती भी नही आई काम
जिला अस्पताल अधीक्षक डॉ. रमाकांत सागर ने कुछ दिन पहले पर्चे पर प्राइवेट दवाएं लिखने वाले चिकित्सकों पर कार्रवाई के लिए मेडिकल स्टोर पर रजिस्टर बनाया था। बाहर के दवा लिखने वाले चिकित्सक का नाम व विभाग का नाम रजिस्टर पर उतारने के निर्देश दिए थे, लेकिन कुछ ही दिन यह मामला चला। चिकित्सकों को नोटिस जारी हुए। बाद में कार्रवाई ठंड बस्ते में चली गई।
दवाएं बाहर से खरीदने को मजबूत मरीज
सिर की नसों में समस्या के चलते जिला अस्पताल आना हुआ। परामर्श तो मिल गया, लेकिन सब दवाएं नहीं मिल पाईं। दो दवाएं बाहर से खरीदने के लिए कहा है।
- इकवाल
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नियमित खासी व छींके की समस्या से लंबे समय से जूझ रहा हूं। ऐसे में दवाएं काफी समय से चल रही हैं। जिला अस्पताल से परामर्श लिया। कुछ दवाएं बाहर मेडिकल से लेने को बोला गया है।
- त्रिलोकचंद
कई दिनों से सीने में तेज जलन व दर्द रहता है। आज आकर चिकित्सक से मिला तो उन्होंने परामर्श तो दिया, लेकिन एक दवा बाहर से लेने के लिए कहा है।
- सोहनलाल
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बाहर से दवा लेने पर सख्त पाबंदी है। पूर्व में चिकित्सकों को नोटिस भी जारी किए गए हैं। बाहर की दवा लिखने वाले चिकित्सकों की जांच कराते हैं। अब सख्ती से कार्रवाई की जाएगी।
- डॉ. रमाकांत सागर, अधीक्षक जिला अस्पताल
इकवाल
इकवाल
इकवाल