पीलीभीत। अगर आप मोबाइल फोन पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते हैं तो पब्लिक की जगह प्राइवेट अकाउंट बनाएं। यह ज्यादा सुरक्षित है। सोशल मीडिया बहुत काम की है, लेकिन इसके नफा-नुकसान का आंकलन जरूरी है। सावधानी बरतेंगे तभी जालसाजों से बच पाएंगे।
अपना फोटो या वीडियो सोच समझकर ही पोस्ट करें, रील ओर स्टेटस से बचें, क्योंकि इसका गलत इस्तेमाल भी हो सकता है। अपरिचित की वीडियो कॉल रिसीव न करें, पासवर्ड में जन्मतिथि बिल्कुल न दें। ये बातें सीओ सिटी दीपक चतुर्वेदी ने कहीं। वह बृहस्पतिवार को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से स्प्रिंगडेल कॉलेज में आयोजित पुलिस की पाठशाला कार्यक्रम में विद्यार्थियों से साइबर क्राइम पर संवाद कर रहे थे।
सीओ सिटी ने कहा कि अगर आपके सोशल मीडिया पर किसी तरह की घटना हो जाती है तो सबसे पहले अपने परिजनों को इसकी सूचना दें। इसके बाद साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराएं। ठग कई तरीके अपना रहे है, एआई तकनीक का इस्तेमाल भी कर रहे हैं। ऐसे में सतर्कता ही अहम उपाय है।
कार्यक्रम में साइबर सेल प्रभारी इंस्पेक्टर जयशंकर सिंह ने कई उदाहरण देकर बच्चों को साइबर ठगी से बचने को लेकर जागरूक किया। साइबर थाने से इंस्पेक्टर बीआर भारती व इंस्पेक्टर चिंतामणि ने भी साइबर अपराध को लेकर जरूरी जानकारियां साझा की। साइबर सेल के अंकित कुमार ने बताया कि सोशल मीडिया से संबंधित शिकायतों को हेल्पलाइन नंबर 1930 के अलावा cybercrime.gov.in पर दर्ज करा सकते हैं।
महिला थाना प्रभारी रीना सिंह ने 112,1076,1090,181,1098 आदि हेल्पलाइन नंबरों के बारे में बताया। इस मौके पर कॉलेज के संरक्षक आरपी जगोेता, निदेशक हेमंत जगोता आदि मौजूद रहे। संचालन शिक्षक राजीव कुमार शर्मा ने किया।
क्या करें
- पासवर्ड बनाने से पहले ध्यान रखें कि वो यूनिक और कठिन हो।
- हर ऑनलाइन अकाउंट के लिए अलग पासवर्ड रखें।
- सोशल मीडिया साइट्स के लिए सेकेंडरी ई-मेल एड्रेस बनाकर रखें।
- अगर कोई अकाउंट आप इस्तेमाल नहीं करते हैं तो उसे डिलीट कर दें।
- हमेशा प्रमाणिक व लाइसेंस वाले सॉफ्टवेयर का ही प्रयोग करें।
- ऑनलाइन बैंकिंग में ध्यान रखें कि आपने यूआरएल को मैन्युअली टाइप किया हो।
- अज्ञात ई-मेल में आए किसी भी अटैचमेंट को डाउनलोड करने से बचें।
- एप ऑफिशियल स्टोर गूगल प्ले स्टोर व एप्पल के फेयर एप स्टोर से लें।
क्या न करें
- अपनी किसी भी जानकारी को सोशल मीडिया पर साझा न करें।
- किसी भी असुरक्षित और फेक वेबसाइट पर जाने से बचें।
-ऑनलाइन अकाउंट्स को हमेशा लॉग आउट करें।
- क्रेडिट कार्ड या डेबिट कार्ड की जानकारी वेब ब्राउजर में जमा न करें।
-निजी और बैंकिंग ब्योरा फोन या ई-मेल या एसएमएस से शेयर न करें।
-अपनी व्यक्तिगत/ निजी तस्वीरें सार्वजनिक रूप से साझा न करें।
-शर्म, शर्मिंदगी और आत्म-दोष के कारण शिकायत दर्ज में संकोच न करें।
शहर के स्प्रिंगडेल कॉलेज में आयोजित पुलिस की पाठशाला में जानकारी देते सीओ सिटी दीपक चतुर्वेदी।