पांच सदस्यीय जांच समिति को प्रथम दृष्ट्या मिली गड़बड़ी, स्पष्टीकरण किया तलब
पूरनपुर। ऑल इंडिया सिख पंजाबी वेलफेयर काउंसिल के राष्ट्रीय अध्यक्ष हरपाल सिंह जग्गी ने जिलाध्यक्ष परमजीत सिंह पीजी के खिलाफ मिल रही शिकायतों पर उनको अस्थायी रूप से पदमुक्त कर पखवाड़ा भर के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है। उनके अधीनस्थ कमेटी को अगले आदेश तक निष्क्रिय कर दिया है। समिति को जांच में सहयोग करने के निर्देश दिए हैं।
हजारा थाना के गांव बाजारघाट के एक धार्मिक स्थल की देखरेख करने वाले गुरदयाल सिंह ने गोलक के 18 हजार 422 रुपये हड़पने का आरोप जिलाध्यक्ष परमजीत सिंह पर लगाया था। इसके अलावा अन्य शिकायतों पर ऑल इंडिया सिख पंजाबी वेलफेयर काउंसिल के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने पांच सदस्यीय जांच समिति गठित की थी। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने अब जिलाध्यक्ष को पदमुक्त कर पखवाड़ा भर के अंदर स्पष्टीकरण तलब किया है। उनकी ओर से जारी पत्र में कहा गया कि जांच समिति की ओर से प्रस्तुत प्रारंभिक प्रतिवेदन में संस्था के हितों, अनुशासन, संगठनात्मक एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली के विपरीत कुछ कार्य एवं आचरण प्रथम दृष्ट्या संज्ञान में आया है, जिनकी निष्पक्ष, स्वतंत्र एवं विस्तृत जांच कराना आवश्यक है।
इसके लिए परमजीत सिंह पीजी को जिला पीलीभीत में संस्था के समस्त संगठनात्मक पदों, अधिकारों, दायित्वों एवं प्रतिनिधित्व शक्तियों से अस्थायी रूप से पदमुक्त किया गया है। साथ ही उनके अधीनस्थ समस्त जिला स्तरीय संगठनात्मक समितियां, प्रकोष्ठ एवं पदाधिकारी आगामी आदेश तक प्रशासनिक रूप से निष्क्रिय माने जाएंगे, ताकि निष्पक्ष जांच एवं संगठनात्मक व्यवस्था प्रभावित न हो। जांच के दौरान शिकायतों में प्रथम दृष्टया सत्यता मिलने, जांच में सहयोग न करने पर कार्रवाई होगी।
इधर, पूर्व अध्यक्ष परमजीत सिंह पीजी ने बताया कि उन पर लगाए गए आरोपों की जांच चल रही है। जांच में वह सहयोग करेंगे। जांच के बाद स्थिति स्वयं स्पष्ट हो जाएगी। संवाद