पीलीभीत के अमरिया थाना क्षेत्र के जिठनियां गांव में गुरुवार रात को महादेव मंदिर के साधु मदनलाल कश्यप उर्फ ऋषि गिरी (52) का शव मिलने से सनसनी फैल गई। वह छह जुलाई की रात से लापता थे। आशंका है कि हत्या करके उनके शव को फेंक दिया गया है।
जहानाबाद थाना क्षेत्र के गांव उमरसठ निवासी मदनलाल कश्यप उर्फ ऋषिगिरी जिठनियां के मंदिर में तीन वर्ष से रह रहे थे। वह अकेले रहते थे और गांव व आसपास के लोगों का उनके मंदिर में आना जाना था। मंदिर में बुधवार को रात साढ़े सात बजे तक उन्हें देखा गया था।
गुरुवार को सुबह मंदिर परिसर में एक स्थान पर खून के छींटे थे। शराब के दो पौवे खाली पड़े थे। जब आसपास के लोगों ने यह नजारा देखा तो तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस क्षेत्राधिकारी लल्लन सिंह ने बताया कि गुरुवार को रात करीब साढ़े नौ बजे मंदिर से करीब एक किलोमीटर दूर नहर मार्ग पर सड़क के किनारे ऋषि गिरी की लाश पड़ी थी।
सिर पर चोट थी। खून निकला हुआ था। ऐसा लगता है कि हत्या करके लाश फेंकी गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। शक के आधार पर कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। पूछताछ की जा रही है।