पीलीभीत। कार्यभार ग्रहण करने के बाद एसपी ने अपराधियों पर शिकंजा कसने के सख्त निर्देश पुलिस को दिए थे। मगर, उसका कुछ पुलिस कर्मियों पर खास असर नहीं पड़ा। एक सिपाही अपराधी के साथ जाम छलकाने में जुट गया। वह भी एसपी आवास से महज 100 मीटर की दूरी पर। इतना नहीं, उसने अपराधी के साथ शराब पीने का विरोध करने पर स्थानीय लोगों से अभद्रता भी की। सूचना मिलने पर एसपी ने कोतवाली पुलिस को भेजकर दोनों को मौके से पकड़वा लिया। मेडिकल परीक्षण के बाद उस पर कार्रवाई की गई।
घटना मंगलवार देर शाम की है। एसपी आवास के पास आवास विकास चौराहा के नजदीक देसी और अंग्रेजी शराब की दुकान है। इसके सामने पड़े खाली प्लाट पर शराब पीने वालों का अक्सर जमावड़ा लगा रहता है। स्थानीय पुलिस सब कुछ जानकर अनजान बनी रहती है। बीते साल यहां पुलिस पर भी शराबियों ने फायरिंग कर दी थी। यहां पर एक सिपाही और शहर के नामचीन हिस्ट्रीशीटर का करीबी मोहल्ला आसफजान निवासी शातिर अपराधी एक साथ बैठकर जाम छलका रहे थे। प्लॉट मालिक ने दोनों के शराब पीने का विरोध किया तो दोनों उससे झगड़ा करने लगे। इसकी सूचना एसपी तक पहुंची तो उन्होंने कार्रवाई के निर्देश दिए। कोतवाली पुलिस एसपी के आदेश के बाद मौके पर पहुंची और दोनों को धर लिया। सिपाही और उसके हिस्ट्रीशीटर दोस्त का मेडिकल परीक्षण कराकर उस पर दफा 34 के तहत कार्रवाई भी की गई। एसपी ने इसकी पुष्टि भी कर दी, मगर कोतवाल श्रीकांत द्विवेदी ने झुठला दिया। मामला पूरे दिन चर्चा का विषय बना रहा।
आवास विकास चौराहा के नजदीक मंगलवार शाम सिपाही समेत दो लोगों को पकड़ा गया था। उनका मेडिकल कराकर दफा 34 के तहत कार्रवाई की गई है। ऐसे मामले में आगे भी सख्त कार्रवाई होगी। - जयप्रकाश, एसपी
ऐसा कहकर बचाई कोतवाल ने साख
बुधवार को पूरे दिन घटना की सूचना न होने की बात कहने वाले कोतवाल श्रीकांत द्विवेदी एसपी के स्वीकारने का पता लगते ही साख बचाते दिखाई दिए। शाम को कहा कि वह रात का मामला समझ रहे थे, मगर वह शाम वाला था। द्विवेदी ने बताया कि पुलिस से धक्का-मुक्की की बात भी संज्ञान में नहीं थी। पूरे मामले की रिपोर्ट एसपी को भेजी गई है।