घर से नाराज होकर आए बालक ने अपने अपहरण की कहानी सुनाकर पुलिस के होश उड़ा दिया। हरकत में आई पुलिस ने घर वालों को सूचना दी। मां के पहुंचने पर उसकी पोल खुल गई। बाद में पुलिस ने बालक को उसकी मां के साथ घर भेज दिया।
रविवार सुबह करीब नौ बजे 12-13 वर्षीय बालक आसाम चौकी पहुंचा। उसने पुलिस को बताया कि वह बरखेड़ा थाना क्षेत्र के गांव बलखडा निवासी पुत्तूलाल का बेटा रजनीश है। उसके पिता देशी जड़ी बूटियों से इलाज करते हैं। सुबह दो बाइक सवार उसके गांव पहुंचे और पिता की जानकारी के बहाने पास बुलाकर उसे जबरन मोटर साइकिल पर बैठा लिया। रास्ते में उसके साथ मारपीट भी की। आसाम चौराहे से कुछ पहले दोनों ने किसी काम से मोटर साइकिल रोकी तो वह उन्हेें चकमा देकर भाग आया। बालक की कहानी सुनकर एक बार तो पुलिस के होश उड़ गए। पुलिस तुरंत बीसलपुर मार्ग पर बालक के बताए स्थान पर पहुंची लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद उसे सुनगढ़ी थाने लाया गया। पुलिस ने बरखेड़ा पुलिस के माध्यम से उसके बताए पते पर सूचना दी। दोपहर बाद करीब चार बजे बालक की मां गांव से सुनगढ़ी थाने पहुंची। रजनीश की मां ने बताया कि उसके पिता ने किसी बात पर डांट दिया था इससे वह नाराज होकर घर से चला गया। अपहरण जैसी कोई घटना होने से उन्होंने इंकार किया। इसके बाद पुलिस ले लिखा पढ़ी कर बालक को उसकी मां के सुपुर्द कर दिया। सुनगढ़ी प्रभारी निरीक्षक अतुल प्रधान ने बताया कि बालक नाराज होकर आया था। उसकी मां थाने पहुुंचकर अपने साथ ले गई है।