महाशिवरात्रि से एक दिन पूर्व मंदिरों के भ्रमण के दौरान पूर्व प्रधान के पति के संरक्षण में जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत पर विवाद खड़ा हो गया है। पूर्व प्रधान के पति ने सीओ बीसलपुर पर एक पुजारी के पैरों में नाक रगड़वाकर अपमानित करने का आरोप लगाया है। शिकायत स्थानीय विधायक, मुख्यमंत्री पोर्टल भी गई है। मामला संज्ञान में आने पर एसपी ने एएसपी को देर रात गांव भेजकर जांच कराई। एएसपी की रिपोर्ट मिलने पर आगे कार्रवाई तय की जाएगी।
घटना बिलसंडा थाना क्षेत्र के मरौरीखास गांव की है। महाशिवरात्रि पर्व से एक दिन पूर्व पुलिस अधिकारी मंदिरों का भ्रमण कर व्यवस्थाएं चेक करने निकले थे। बुधवार दोपहर करीब साढ़े 12 बजे सीओ बीसलपुर विनीत सिंह, प्रभारी निरीक्षक रविंद्र कुमार मरौरीखास के मढ़ानाथ मंदिर पहुंचे। पूर्व प्रधान वीना अवस्थी के पति संजीव अवस्थी का कहना है कि मंदिर के पुजारी ने सीओ से कुछ देर बात की। वह कुछ दूरी पर खड़े हुए थे। पुजारी से बात करने के बाद सीओ उनके पास आए और गाली गलौज शुरू कर दी।
जमीन पर कब्जे कराने का आरोप लगा दिया। आरोप लगाया कि जबरन पुजारी के पैर छुआए गए। फिर गाली गलौज करते हुए दो बार पुजारी के पैरों में नाक रगड़वाई गई। इस तरह से उन्हें अपमानित किया गया। उधर, सीओ के अनुसार मंदिर के पुजारी ने उन्हें शिकायत करते हुए बताया कि पूर्व प्रधान वीना अवस्थी के पति संजीव अवस्थी ने मंदिर और आसपास की सरकारी जमीन पर कब्जा करा रखा है। कई बार शिकायतों के बाद भी कार्रवाई नहीं होने दे रहे। मंदिर में आयोजित कार्यक्रमों में भी व्यवधान डालने की बात कही थी।
इस पर सिर्फ पूर्व प्रधान के पति को महाशिवरात्रि पर कोई गड़बड़ न करने की हिदायत दी गई थी। इधर, मामले की शिकायत पूर्व प्रधान के पति ने रात बीसलपुर विधायक रामसरन वर्मा, एसपी जयप्रकाश से की। इसके अलावा मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत की। इसके बाद मामला तूल पकड़ गया। एसपी ने रात को ही एएसपी डॉ. पवित्र मोहन त्रिपाठी को मौके पर जांच के लिए भेज दिया। देर रात तक एएसपी गांव में रुके और सभी पक्षों के बयान लिए। दूसरे दिन बृहस्पतिवार को भी मामला गरमाया रहा।
न्याय के लिए आज से करूंगा धरना
जिस जमीन पर कब्जे की शिकायत की जा रही है, वह काबिज लोगों की ही है, अगर कहीं कब्जा है भी तो नियमानुसार कार्रवाई कराई जानी चाहिए। जिस तरह से मुझे अपमानित कराया गया, वह ठीक नहीं। सीओ ने दो बार झूठी शिकायत करने वाले पुजारी के पैरों पर नाक रगड़वाई। इस अपमान को कभी नहीं भूलूंगा। झूठी शिकायत करने वाले पुजारी और सीओ को हटाया जाए। आज (शुक्रवार) से न्याय पाने के लिए तहसील परिसर में धरना प्रदर्शन शुरू करूंगा।
- संजीव अवस्थी, पूर्व प्रधान के पति
अवैध कब्जे हटवाकर ही दम लूंगा
मंदिर के अलावा सरकारी जमीन पर भी कब्जा है। उसे हटवाने के लिए कई बार शिकायत कर चुका हूं। मगर, पूर्व प्रधान के पति हटने ही नहीं देते। अवैध कब्जा करने वालों को संरक्षण देते हैं। पुजारी के नाते ग्रामीण जिस तरह से पैर छूते हैं, वैसे ही पूर्व प्रधान के पति ने भी अपनी इच्छा से मेरे पैर छुए थे। जबरन पैर नहीं छुआए गए, न ही नाक रगड़वाई गई है। अवैध कब्जे हटवाकर ही दम लूंगा। -
गुड्डू, मढ़ानाथ मंदिर के पुजारी
गलत आरोप लगाए गए
महाशिवरात्रि से पूर्व व्यवस्थाएं चेक करने गए थे। इसी दौरान पुजारी ने शिकायत की थी। इस पर पूर्व प्रधान के पति को त्योहार के दिन कोई व्यवधान न डालने की चेतावनी दी गई थी। पूर्व प्रधान के पति समेत दस लोगों पर मुचलका पाबंद कार्रवाई भी बुधवार को ही कर दी गई थी। एसडीएम को भी कब्जे हटवाने को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा गया था। नाक रगड़वाने के आरोप गलत हैं। -
विनीत सिंह, सीओ बीसलपुर
प्रकरण की जानकारी हुई थी। गंभीरता से लेते हुए एएसपी को बुधवार रात को ही गांव भेज दिया गया था। सभी पक्षों से बातचीत कर रिपोर्ट मांगी गई है। जांच रिपोर्ट मिलने पर आगे कार्रवाई तय की जाएगी।
- जयप्रकाश, एसपी
बीसलपुर विधायक ने शासन में की शिकायत, धरना आज
पूर्व प्रधान के पति से गाली गलौज कर पैरों में नाक रगड़वाने के मामले में भाजपा विधायक बीसलपुर रामसरन वर्मा ने सीओ के खिलाफ हल्ला बोल दिया है। जिला, मंडल के साथ शासन स्तर पर भी अधिकारियों से बात कर शिकायत दर्ज कराई है। इसमें सीओ को दंडित कराने की मांग की है। इसके अलावा कार्यकर्ताओं और अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ तहसील बीसलपुर में शुक्रवार से धरना देने का भी ऐलान किया है।
विधायक रामसरन वर्मा ने बताया कि इस संबंध में एसपी, आईजी के अलावा शासन स्तर पर अपर मुख्य सचिव गृह एवं सूचना रजनीश अवस्थी, डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी से फोन पर बात कर शिकायत की गई है। सीओ का स्थानांतरण नहीं, बल्कि दंडित कराया जाएगा। अगर अधिकारी कार्रवाई नहीं करते हैं तो आंदोलन तय है। उन्होंने यह भी बताया कि शुक्रवार को तहसील परिसर में धरना प्रदर्शन होगा। इसमें वह भी शामिल होंगे। साथ ही अन्य जनप्रतिनिधियों को भी बुलाया गया है। अपने क्षेत्र में किसी तरह का अन्याय बर्दाश्त नहीं करेंगे।