पीलीभीत। नगर पालिका शहर में रोजाना 1.25 करोड़ लीटर शुद्ध जलापूर्ति का दावा कर रही है। वहीं, कई मोहल्लों में टोंटियों से निकलता गंदा व पीला पानी इन दावों की पोल खोल रहा है। पानी में क्लोरीन मिलाने के इंतजाम भी आधे-अधूरे हैं। नगर पालिका के 17 पंप हाउस पर लगे 15 क्लोरीन डोजर खराब पड़े हैं।
शहर में 27 वार्ड और 49 मोहल्लों में करीब दो लाख से अधिक आबादी निवास करती है। नगर पालिका 17 पंप हाउस और सात ओवरहेड हैंड टैंक से जलापूर्ति करती है। रोजाना 16 घंटे जलापूर्ति का दावा किया जाता है। इसमें करीब 1.25 करोड़ लीटर पानी की आपूर्ति की जाती है। दावा है कि प्रत्येक वार्ड के हर मोहल्ले की गलियों में नगर पालिका ने टंकियों में पानी पहुंचाने में सफलता हासिल की है, लेकिन हकीकत यह है कि शहर के कई मोहल्लों में पहली मंजिल पर रहने वाले लोगों की टंकियों तक पानी ही नहीं पहुंचा है। वहीं, 15 डोजर खराब होने से पानी में क्लोरीन मिलाने की व्यवस्था मैनुअल की गई है। इस वजह से मोहल्ला आवास विकास, निरंजनकुंज, बेनी चौधरी, जोशीटोला, सुनगढ़ी, एकता नगर आदि इलाकों आए दिन गंदे पानी की आपूर्ति की शिकायतें सामने आती हैं।
प्रस्ताव पास, जल्द ही लगाए जाएंगे 15 क्लोरीन डोजर
शहर वासियों को साफ-स्वच्छ पानी मिले, इसके लिए नगर पालिका ने 15 क्लोरिन डोजर का प्रस्ताव भेजा था। बताया जा रहा है कि इनकी स्वीकृति मिल गई है। टेंडर प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। इनके लग जाने से पालिका की ओर से मैनुअल क्लोरीन मिलाने के दावों पर उठ रहे सवाल शांत हो जाएंगे।
एक साल से गंदगी से पटे ओवरहैड टैंक व परिसर
शहर में सात ओवरहेड टैंक है। यह वाटर वर्क्स, कार्यालय परिसर, आवास विकास, नकटादाना, मीना बाजार आदि स्थानों पर बने हैं। इनमें से कई ओवरहेड टैंक की सफाई हुए एक वर्ष से अधिक समय बीत गया है, टैंक व आसपास गंदगी की समस्या अब तक बनी है। आसपास परिसर में छुट्टा जानवर भी टहलते रहते है। कई पंप हाउस इतने पुराने है कि इन पर लगी मशीनों में जंग लग गई है। जलापूर्ति के लिए इनका उपयोग किया जाता है तो इनमें मशीनों के खड़खड़ाने की आवाज आती है।
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शहर में आधे धुलाई केंद्र अवैध, नियमित करते लाखों लीटर जलदोहन
शहर में मोटर साइकिल, कार व अन्य वाहन के लिए छतरी चौराहे व नकटादाना सहित शहर में दस से अधिक धुलाई केंद्र संचालित हो रहे हैं। यहां रोजाना हजारों लीटर पानी बर्बाद होता है। नगर पालिका में करीब पांच धुलाई केंद्र ही संचालित होने की जानकारी है। पालिका के जलकल विभाग की नजर कभी इन अवैध संचालित धुलाई केंद्र पर नहीं जाती।
वर्जन
पंप हाउस पर डोजर लगाने का प्रस्ताव स्वीकृत हो गया है। टेंडर प्रक्रिया चल रही है। ओवरहेड टैंक और परिसर की सफाई की रूपरेखा तय हो चुकी है। सभी वाॅटर कूलर भी दुरुस्त करा दिए गए हैं। कार्य की वजह से निरंजनकुंज काॅलोनी में कभी-कभार गंदे पानी की शिकायत होती है। नेहरू पार्क के पास एक ओवरहेड टैंक बन रहा है। इससे कुछ मोहल्लों में 24 घंटे पानी आपूर्ति की जाएगी।
- डॉ. आस्था अग्रवाल, नगरपालिका अध्यक्ष