दूसरे पक्ष की ओर से बसपा के जिलाध्यक्ष भगवान सिंह व पूर्व जिलाध्यक्ष चंद्र शेखर आजाद मौके पर पहुंच गए। इसके बाद थाने के अंदर ही दोनों गुटों में जमकर नोकझोंक होती रही। सूचना मिलते ही एएसपी अनिल कुमार यादव व सीओ सदर डॉ प्रतीक दहिया भी मौके पर पहुंच गए। थाने के अंदर देर रात तक हंगामा चलता रहा। पुलिस ने राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के देवेश गंगवार की ओर से आरोपियो के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली।
पुलिस की मौजूदगी में ही दोनों पक्ष भिड़े
गांव में विवाद के बाद दोनों पक्षों के लोग थाने पहुंच गए। इसके बाद दोनों पक्ष थाने के अंदर ही एक दूसरे से झगड़ने लगे। पुलिस पूरी तरह से मूकदर्शक बनी रही। एएसपी व सीओ सदर के पहुंचने पर जैसे तैसे मामले को शांत कराया गया।
एकतरफा कार्रवाई से बसपा कार्यकर्ता नाराज
बसपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि शाखा को दलित बस्ती में लगाया जा रहा है। जहां पहुंचने वाले लोगों को स्वयं सेवक के द्वारा गलत बातें सिखाई जा रही है। जिसका कार्यकर्ताओं ने सिर्फ विरोध किया। जब थाने में मामले की शिकायत की गई तो पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई कर दी। जो पूरी तरह से गलत है।