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Pilibhit News: गन्ना क्रय केंद्रों पर अव्यवस्थाओं से किसान दुखी, पूरनपुर चीनी मिल फिर बंद

Sun, 23 Nov 2025 12:03 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
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रमेश कुमार
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पीलीभीत। जिले में चार चीनी मिलें हैं। इनमें से तीन में पेराई सत्र शुरू हो चुका है लेकिन गन्ना क्रय केंद्रों पर अभी तक अव्यवस्थाएं हैं। कई केंद्रों पर किसानों के लिए पीने के पानी और बैठने के लिए समुचित इंतजाम नहीं किए। पूरनपुर की सहकारी चीनी मिल में 18 नवंबर से पेराई शुरू हुई लेकिन तब से अब तक यह चीनी मिल दो बार बंद हो चुकी है। पहले टरबाइन खराब हुई और फिर नो-केन में चीनी मिल बंद रही। किसानों का कहना है कि केंद्रों पर गन्ना तौल भी अत्यंत धीमी गति से हो रही है। ऐसे में उन्हें अपने गन्ना लदे वाहनों के खाली होने के लिए काफी इंंतजार करना पड़ता है।
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बीसलपुर। गांव किशनी के क्रय केंद्र पर पिछले एक पखवाड़ा में अभी तक केवल दो हजार क्विंटल गन्ने की तौल हो पाई है। काफी किसान केंद्र पर गन्ने की आपूर्ति नहीं कर रहे हैं क्योंकि इस केंद्र को बजाज चीनी मिल से हटाकर फरीदपुर चीनी मिल से संबद्ध करने की मांग होती रही है। इस केंद्र से जुड़े गांव परेवा के प्रधान आकाश कमल का कहना है कि उनके गांव के गिने चुने किसान ही इस केंद्र पर गन्ने की आपूर्ति कर रहे हैं। सहकारी गन्ना विकास समिति के सचिव राजेश कुमार ने बताया कि धीरे-धीरे सभी किसान इस केंद्र पर गन्ना लाने लगेंगे।
बरखेड़ा। बजाज हिंदुस्तान चीनी मिल के अंतर्गत गन्ना क्रय केंद्र खिरकिया में अभी तक तौल शुरू नहीं हो पाई है। क्रय केंद्र कटकवारा से गन्ना का उठान ट्रैक्टर ट्रॉला से कराया जा रहा है। खिरकिया के किसानों ने बताया कि जब से केंद्र खुला हैं, उस पर तौल ही नहीं हुई है। आसपास पानी भरने की समस्या बनी हुई है। इससे गन्ना भरी ट्रॉली गीली मिट्टी में धसने के डर से तौल कांटे तक नहीं ले जा पा रहे।
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घुंघचाई। केशोपुर गांव में लगे गन्ना क्रय केंद्र पर तौल शुरू कर दी है। शनिवार को पड़ताल की गई तो केंद्र पर किसान मिले। तौल कांटा जमीन में दबा होने से उसकी मरम्मत होती पाई गई। इसके अलावा दिलावरपुर, कालाबोझ, कसगंजा आदि केंद्रों पर तौल होती दिखी। किसानों का कहना है कि अव्यवस्थाएं भी बनी हुई हैं। किसानों के बैठने और पीने के पानी की दिक्कत है।

बिलसंडा। बजाज चीनी मिल मसूदापुर से ब्लॉक क्षेत्र में आठ गन्ना क्रय केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। इसमें कनपरा गन्ना क्रय केंद्र, घुघचइया, दमुपुरा, पसगवां, तिलछी ए, तिलछी बी, तिलछी सी और सुहेला एड मबइया केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। अधिकतर केंद्रों पर किसानों के लिए सुविधाओं का अभाव है। तौल भी धीमी गति से हो रही है।
पानी की समस्या से क्रय केंद्र के आसपास रास्ता खराब हो गया है। इसलिए तीन किलोमीटर दूर कटकवारा क्रय केंद्र पर गन्ना लेकर पहुंचे हैं।
कमलेश कुमार

अभी कुछ गन्ना मजबूरी में दे रहे हैं। आगे से गन्ना बजाज चीनी मिल को नहीं देंगे। इस मिल में गन्ना मूल्य भुगतान काफी समय तक फंसा रहता है।
रमेश कुमार

गन्ना क्रय केंद्र खिरकिया के प्लॉट में पानी भरा हुआ है। इसलिए कटकवारा केंद्र पर गन्ना तुलवाने आए हैं। कोई अधिकारी पानी की समस्या पर ध्यान नहीं दे रहा।
सुनील कुमार
किसान गन्ना पर्ची को भटकते रहे, नो केन में दो घंटे बंद रही चीनी मिल

पूरनपुर। गन्ना किसान आपूर्ति पर्चियों के लिए भटकते रहे, दूसरी ओर किसान सहकारी चीनी मिल नो केन में दो घंटे बंद रही। गन्ना एकत्र होने पर चीनी मिल को चलाया गया। चीनी मिल नो-केन में दोबारा बंद न हो, इसके लिए 23 नवंबर को गन्ना आपूर्ति का 33500 क्विंटल का इंडेंट जारी कर सहकारी गन्ना समिति भेजा गया।

चीनी मिल के पेराई सत्र का शुभारंभ 17 नवंबर को किया था। अगले दिन 18 नवंबर को चीनी मिल नियमित पेराई के लिए चलाई गई। 19 नवंबर को शाम करीब नौ बजे खराबी से चीनी मिल बंद हो गई थी। इसके बाद 20 नवंबर शाम को मिल चली। खराबी से चीनी मिल बंद होने पर किसानों से चीनी मिल के सही न होने तक गन्ना न लाने की अपील की। इससे किसानों ने गन्ना की छिलाई रोक दी। शुक्रवार शाम से चीनी मिल गन्ने की कमी से जूझने लगी। शनिवार सुबह करीब चार बजे नो-केन में चीनी मिल बंद हो गई। मिल के बंद होते ही चीनी मिल के अफसर गन्ना किसानों से संपर्क में जुटे। शनिवार सुबह करीब छह बजे गन्ना एकत्र होने पर चीनी मिल चली। इस बीच जिला गन्ना अधिकारी डॉ. खुशीराम भार्गव ने चीनी मिल का निरीक्षण किया। चीनी मिल के गेट पर पहुंचकर बाट डलवाकर कांटे को देखा। इस दौरान उन्होंने किसानों से समस्याएं पूछीं। साथ ही साफ-सुथरा और अगौला रहित गन्ना लाने की अपील की। जिला गन्ना अधिकारी बताया कि पूरनपुर चीनी मिल नोकेन में कुछ देर के लिए बंद हुई थी। गन्ना एकत्र होने पर उसे चलवा दिया। उन्होंने बताया कि चीनी मिल के सभी 14 केंद्रों पर खरीद शुरू करा दी है।
वसूली के विरोध पर दो दिन बंद रही खरीद

पूरनपुर। चंदिया हजारा में एक प्राइवेट चीनी मिल के दो गन्ना खरीद केंद्र लगे हैं। एक गन्ना खरीद केंद्र पर गन्ना उठान पर 70 रुपये और एक धार्मिक स्थल के नाम पर प्रति ट्रॉली 20 किलो गन्ना की वसूली हो रही थी। किसानों के विरोध पर दो दिन से गन्ना तौल और उठान बंद रहा। प्रधान वासुदेव कुंडू ने गन्ना उठान पर वसूली की शिकायत डीएम को पत्र भेजकर की। प्रधान ने बताया कि शनिवार को विवाद निपट गया। इसमें किसानों से उठान और धार्मिक स्थल के नाम पर वसूली न होना तय हुआ।

रमेश कुमार

रमेश कुमार

रमेश कुमार

रमेश कुमार

रमेश कुमार

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