पीलीभीत। अग्निपथ योजना के विरोध प्रदर्शन को लेकर जिले में सोमवार को पुलिस प्रशासन अलर्ट रहा। असम चौराहे पर युवाओं को एकत्र होता देख पुलिस ने दौड़ा दिया। रेलवे जंक्शन पर भी जीआरपी के साथ आरपीएफ के जवानों ने गश्त की। कोई भी विरोध प्रदर्शन नहीं हो सका।
भारत सरकार की अग्निपथ योजना को लेकर विरोध प्रदर्शन का अंदेशा है। कई शहरों में प्रदर्शन हुए हैं। जिले में 18 जून को राष्ट्रीय लोकदल और आम आदमी पार्टी के पदाधिकारियों राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन भेजकर योजना निरस्त कराने की मांग की है। सोमवार को जिले में विरोध प्रदर्शन की भनक लगते ही प्रशासन अलर्ट हो गया और पुलिस को तैनात कर दिया गया। सुबह करीब दस बजे असम चौराहे पर कुछ युवा एकत्र होने लगे। विरोध प्रदर्शन शुरू होने से पहले ही सुनगढ़ी इंस्पेक्टर बलवीर सिंह फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। सख्ती बरतते हुए युवकों को चौराहे से दौड़ा दिया। युवा भी पुलिस का कड़ा रुख देखकर चलते बने। इसके बाद चौराहे पर पुलिस को तैनात कर दिया गया। इसके अलावा शहर के अन्य चौराहों पर भी पुलिस चेकिंग करती रही। शाम तक पुलिस अलर्ट रही।
रेलवे जंक्शन पर की चेकिंग
आरपीएफ थाना प्रभारी शहनवाज हुसैन ने जीआरपी थाना प्रभारी एसके शुक्ल के साथ स्टेशन परिसर पर चेकिंग की। जंक्शन परिसर, ट्रेनों, टिकट विंडो, प्लेटफार्म आदि की चेकिंग की गई। गश्त के दौरान आरपीएफ प्रभारी ने एनाउंसमेंट कर कहा कि रेलवे की संपत्ति को नुकसान न पहुंचाए। अगर युवा विरोध प्रदर्शन और तोड़फोड़ करेंगे तो सरकारी नौकरी नहीं मिल सकेगी। इससे युवाओं का भविष्य संकटमय हो जाएगा। इसलिए शांति व्यवस्था बनाए रखें। इस दौरान सुनगढ़ी इंस्पेक्टर भी फोर्स के साथ शामिल रहे।