पूरनपुर (पीलीभीत)। 18 लाख रुपये लेने के बाद जालसाजों ने फर्जी पासपोर्ट और अन्य दस्तावेजों पर लखीमपुर खीरी के थाना मोहम्मदी के गांव परासन निवासी हरविंदर सिंह को इंग्लैंड भेज दिया। कॉलेज की फीस भी आरोपी ने अपने खाते में ट्रांसफर करा ली। युवक ढाई साल तक इंग्लैंड में भटकता रहा। दोबारा पासपोर्ट बनने पर एक दिन पहले उसे वापस भारत भेज दिया गया। शनिवार को युवक ने एसपी को संबोधित शिकायतीपत्र पूरनपुर कोतवाली पुलिस को सौंपा।
हरविंदर सिंह ने बताया कि ढाई साल पहले मझोला के टोडरपुर निवासी युवक ने स्टडी वीजा पर उसे इंग्लैंड भेजा था। इसके लिए उससे 17 लाख रुपये नकद और एक लाख रुपये खाते में अलग-अलग तारीखों लिए गए। इंग्लैंड पहुंचने पर एअरपोर्ट पर ही उसका पासपोर्ट और अन्य अभिलेख संदेह के आधार पर जब्त कर लिए गए।
आरोप है कि विदेश भेजने वाले आरोपी ने कॉलेज की फीस भी वापस मंगवा ली। कॉलेज पहुंचने पर फीस जमा न होने की जानकारी दी गई। हरविंदर ने बताया कि ढाई साल तक इंग्लैंड में भटकता रहा। गलत ढंग से इंग्लैंड आने पर पकड़े जाने के डर से छिपता रहा। परिजनों को पूरी जानकारी दी। इसके बाद परिजनों ने दूतावास से संपर्क किया।
दोबारा पासपोर्ट बनने पर उसे एक दिन पहले वापस भारत भेज दिया गया। हरविंदर ने शिकायतीपत्र में फर्जी अभिलेखों, वीजा पर ठगी करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। इसके अलावा लखीमपुर के थाना मैलानी क्षेत्र के लोगों ने शिकायत कर नगर के आइलेट सेंंटर संचालक पर विदेश भिजवाने के नाम पर लाखों रुपये ठगी करने का आरोप लगाते हुए शिकायती पत्र पुलिस को दिया।
मालूम हो कि शनिवार को संपूर्ण थाना दिवस एसपी की अध्यक्षता में पूरनपुर कोतवाली में होना था। इसकी जानकारी पर ठगी के शिकार कई पीड़ितों ने कोतवाली पहुंचकर ठगों की शिकायत कर कार्रवाई की मांग की।